Sunday, June 28, 2026
Home Blog

दिशा की बैठक सम्पन्न ,अधिकारियों को दिए गए निर्देश0: सपा विधायक ने अपने विधानसभा में 1 लाख रुपये वसूलने का लगाया आरोप – Jaunpur News




जौनपुर के कलेक्ट्रेट सभागार में रविवार दोपहर 12 बजे जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक शुरू हुई। यह बैठक शाम 4 बजे तक चली, जिसमें विभिन्न विभागों की योजनाओं की गहन समीक्षा की गई। बैठक की अध्यक्षता जौनपुर के सांसद बाबू सिंह कुशवाहा ने की। मछलीशहर की सपा सांसद प्रिया सरोज सह-अध्यक्ष के रूप में और नेता प्रतिपक्ष लाल बिहारी यादव भी मौजूद रहे। इस दौरान कई विभागों के कामकाज पर नाराजगी व्यक्त की गई और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। लोक निर्माण विभाग की समीक्षा के दौरान राष्ट्रीय राजमार्गों पर सांकेतिक बोर्ड सही करवाने और लगाने, कट प्वाइंट दुरुस्त कराने, अमूल फैक्ट्री के पास रंबल स्ट्रिप स्थापित कराने के निर्देश दिए गए। निर्माण कार्यों में निर्धारित मानकों का पूर्ण अनुपालन सुनिश्चित करने और ब्लैक स्पॉट की सूची उपलब्ध कराने को भी कहा गया। अधिकारियों को जनप्रतिनिधियों से समन्वय स्थापित कर उनकी शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। राजस्व विभाग की समीक्षा में मुख्य राजस्व अधिकारी से सुरीश देहाती, जौनपुर-भदोही, आजमगढ़-वाराणसी सहित अन्य स्थानों पर भूमि अधिग्रहण के मुआवजे की स्थिति की जानकारी ली गई। सभी पात्र किसानों को शीघ्र मुआवजा राशि उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। बेसिक शिक्षा विभाग की समीक्षा में परिषदीय विद्यालयों के ऊपर से गुजर रहे हाईटेंशन विद्युत तारों को विद्युत विभाग से समन्वय स्थापित कर शीघ्र स्थानांतरित कराने का निर्देश दिया गया। साथ ही, सभी विद्यालयों को फर्नीचर, विद्युत और अन्य मूलभूत सुविधाओं से संतृप्त करने के निर्देश भी दिए गए। कृषि विभाग को विधानसभावार खाद एवं यूरिया की उपलब्धता की सूची जनप्रतिनिधियों को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान मुख्य चिकित्साधिकारी से पंजीकृत अस्पतालों, एक्स-रे मशीनों की क्रियाशीलता और सीएचसी मड़ियाहूं में स्टाफ की कमी सहित विभिन्न अस्पतालों की समस्याओं पर जानकारी ली गई और आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।



Source link

एस्कॉर्ट सर्विस के नाम पर 76 हजार की ठगी: डूंगरपुर पुलिस ने साइबर ठग को दबोचा, मोबाइल और एटीएम कार्ड जब्त – Dungarpur News




डूंगरपुर साइबर थाना पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एस्कॉर्ट सर्विस के नाम पर साइबर ठगी करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी के बैंक खाते से ₹76,495 की ठगी की राशि का लेन-देन होने का खुलासा हुआ है। पुलिस ने उसके कब्जे से एक एंड्रॉयड मोबाइल फोन और एटीएम कार्ड जब्त किया है। साइबर पुलिस पोर्टल पर दर्ज शिकायत के अनुसार, पीड़ित से ₹76,495 की ठगी की गई थी। जांच में सामने आया कि आरोपी ने खुद को हितेश पाटीदार बताकर युवतियां उपलब्ध कराने का झांसा दिया। उसने धोखे से पीड़ित से यह राशि अपने बैंक खाते में जमा करवा ली। साइबर थाना पुलिस ने एसबीआई आसपुर शाखा के एक खाते की जांच की, जिसमें ठगी की रकम ट्रांसफर हुई थी। बैंक खाते में संदिग्ध लेन-देन की पुष्टि होने पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान हितेश पाटीदार (26) पुत्र तेजेंग पाटीदार, निवासी बडलिया, थाना दोवड़ा, जिला डूंगरपुर के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि ठगी से मिले पैसों का इस्तेमाल उसने अपने घर पर चारदीवारी और लोहे का गेट बनवाने में किया था। पुलिस ने बताया कि साइबर ठगी में इस्तेमाल होने वाले संदिग्ध बैंक खातों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। मामले में अन्य आरोपियों और साइबर ठगी के नेटवर्क की भूमिका को लेकर आगे की जांच जारी है। कार्रवाई को साइबर थाना प्रभारी निरीक्षक गिरधारी सिंह के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने अंजाम दिया, जिसमें एसआई छत्तर सिंह, कांस्टेबल अभिषेक मीणा और सत्येंद्र सिंह शामिल थे।



Source link

Tax Guru: विदेश में है बैंक खाता या शेयर्स? छिपाया तो आएगा इनकम टैक्स का नोटिस




 

अगर आप भारत में रहते हैं और विदेश में आपका कोई बैंक खाता, शेयर या किसी भी तरह का निवेश है, तो यह खबर आपके लिए बहुत जरूरी है. सीएनबीसी-आवाज के पॉपुलर शो ‘टैक्स गुरु’ में लक्ष्मण रॉय से बात करते हुए टैक्स एक्सपर्ट गौरी चड्डा ने बताया कि भारतीय निवासियों के लिए अपनी इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) में सभी विदेशी संपत्तियों की जानकारी देना बेहद जरूरी है. कई बार लोग विदेश से पढ़ाई या नौकरी करके लौट आते हैं और वहां के बैंक खातों को ऐसे ही छोड़ देते हैं. एक्सपर्ट के मुताबिक भले ही आपका विदेशी खाता बंद पड़ा हो या उसमें जीरो बैलेंस हो, उसे आईटीआर में दिखाना जरूरी है. ऐसा न करने पर इनकम टैक्स डिपार्टमेंट की तरफ से आपको भारी-भरकम जुर्माना या कानूनी नोटिस मिल सकता है. हालांकि, टैक्स एक्सपर्ट ने राहत की बात भी बताई कि भारत का कई देशों के साथ ‘डबल टैक्सेशन अवॉइडेंस एग्रीमेंट’ (DTAA) है, जिसका मतलब है कि अगर आपने विदेश में पहले ही टैक्स चुका दिया है, तो भारत में आपको उसका ‘टैक्स क्रेडिट’ मिल जाएगा और आपको दोहरे टैक्स की मार नहीं झेलनी पड़ेगी. 

न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।



Source link

‘रिशु श्री घोटाले में तेजस्वी बताएं कितना कमीशन लिया’: बेगूसराय में भाजपा प्रवक्ता ने कहा- पहले अपना दामन देखें नेता प्रतिपक्ष – Begusarai News




रिशु श्री के टेंडर घोटाले को लेकर तेजस्वी यादव की ओर से सवाल उठाए जाने से राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। बेगूसराय में भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता नीरज कुमार ने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर तीखा हमला बोला है। नीरज कुमार ने आरोप लगाया है कि जब यह घोटाला हुआ, तब संबंधित विभाग की जिम्मेदारी खुद तेजस्वी यादव के पास थी। संबंधित विभाग के मंत्री खुद तेजस्वी थे नीरज कुमार ने कहा है कि रिशु श्री के मामले में सबसे पहले तेजस्वी यादव को जनता को यह जवाब देना चाहिए कि उन्होंने इसमें कितना कमीशन लिया। बिहार में रिशु श्री के जितने भी घोटाले सामने आए हैं, वे सभी उस समय के हैं, जब संबंधित विभाग के मंत्री खुद तेजस्वी यादव हुआ करते थे। उन्होंने कहा कि विभागीय मंत्री होने के नाते इस गड़बड़ी की पूरी जिम्मेदारी तेजस्वी यादव की बनती है। किसी पर भी उंगली उठाने या आरोप लगाने से पहले तेजस्वी को अपने दामन में झांक कर देखना चाहिए। उनका पूरा परिवार मजबूत सबूतों (एविडेंस) के आधार पर कोर्ट में चार्जशीटेड है। उनके खिलाफ अदालत में मुकदमा चल रहा है। ऐसे में दूसरों पर सवाल उठाने का उन्हें कोई नैतिक अधिकार नहीं है। राजनीति में बिना सिर-पैर के आरोप नहीं चलते। आप किसी पर आरोप लगाते हैं, तो पहले उसके ठोस सबूत और प्रमाण जनता के सामने पेश करिए, कोर्ट में साबित करिए। बेवजह आरोप लगाना और गाल बजाना बंद करिए। बिहार की जनता आपकी इस बयानबाजी के झांसे में आने वाली नहीं है।



Source link

PM की ‘मन की बात’ में नागालैंड का जिक्र: बच्चियों की ‘बेबी फुटबॉल लीग’ सुन देश हैरान; दिल्ली BJP अध्यक्ष बोले- यह अद्भुत है – New Delhi News




प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम के 135वें एपिसोड को लेकर देश और राजधानी दिल्ली के सियासी गलियारों में भारी उत्साह देखने को मिला। दिल्ली बीजेपी के अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा ने कहा कि पीएम मोदी ने कार्यक्रम में नागालैंड की जिस ‘बेबी फुटबॉल लीग’ का जिक्र किया। उसने पूरे देश को अचंभित और प्रेरित किया है। नागालैंड में 5 से 11 वर्ष की छोटी बच्चियों के लिए इस अद्भुत लीग का आयोजन किया जा रहा है। दिल्ली में इस बार ‘मन की बात’ को बेहद खास अंदाज में सुना गया। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने अपने निवास पर पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों और कर्मचारियों को आमंत्रित कर ‘बीजेपी एक परिवार’ की अनूठी मिसाल पेश की। दिल्ली के 8,367 बूथों पर गूंजी ‘मन की बात’ राजधानी दिल्ली में संगठन स्तर पर इसे बेहद बड़े पैमाने पर आयोजित किया गया। दिल्ली के कुल 8,367 बूथों पर कार्यकर्ताओं और आम जनता ने प्रधानमंत्री की बात सुनी। राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के साथ दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा, राष्ट्रीय सह-संगठन महामंत्री शिवप्रकाश, राष्ट्रीय महामंत्री अरुण सिंह, और राष्ट्रीय मीडिया प्रमुख व सांसद अनिल बलूनी ने एक साथ कार्यक्रम सुना। किस बड़े नेता ने कहां सुनी पीएम की बात तरुण चुघ (राष्ट्रीय महामंत्री एवं सांसद): ईस्ट पटेल नगर मंदिर सभा के पदाधिकारियों और स्थानीय RWA के साथ मौजूद रहे। पवन राणा (संगठन महामंत्री, दिल्ली): दिल्ली कैंट क्षेत्र के कार्यकर्ताओं के साथ कार्यक्रम का हिस्सा बने। रामवीर सिंह बिधूड़ी (सांसद): एनसीईआरटी (NCERT) परिसर में कार्यकर्ताओं के बीच पहुंचे। योगेंद्र चांदोलिया (प्रदेश महामंत्री एवं सांसद): रोहिणी सेक्टर-3 में स्थानीय RWA पदाधिकारियों के साथ पीएम को सुना। वीरेन्द्र सचदेवा (निवर्तमान अध्यक्ष): अग्रसेन पार्क में जनता के बीच मौजूद रहे। सतीश उपाध्याय (उपाध्यक्ष, दिल्ली जल बोर्ड): हौजखास मंडल के बूथ नंबर 59 पर कार्यकर्ताओं के साथ जुड़े। हर्ष मल्होत्रा ने कहा, “आज पीएम मोदी ने देश के विकास, पारिवारिक सुरक्षा, व्यक्तिगत खुशियों को समाज के साथ बांटने और उत्तर-पूर्व (नॉर्थ-ईस्ट) की समृद्ध परंपराओं पर ऐसी ज्ञानवर्धक चर्चा की, जिसने हर देशवासी का मन मोह लिया।”



Source link

ग्वालियर में क्रिकेट बॉल पर मचा बवाल: खेत में बॉल आने से रोका तो लोगों ने घेरकर किया पथराव, जान बचाने की फायरिंग – Gwalior News




ग्वालियर के महाराजपुरा थाना क्षेत्र के ग्राम कुंअरपुर में एक बार फिर दबंगई और कानून व्यवस्था को ठेंगे पर रखने का मामला सामने आया है। खेत में बार-बार क्रिकेट की बॉल आने और फसल खराब होने से मना करना एक परिवार के लिए मुसीबत बन गया। क्रिकेट खेलने वालों ने सरेराह गुंडागर्दी करते हुए करीब 40 से 45 लोगों की उग्र भीड़ को लाठी-डंडों के साथ बुलाकर किसान परिवार पर ताबड़तोड़ पथराव कर दिया। पथराव और बेकाबू भीड़ से अपनी व परिवार की जान बचाने के लिए पीड़ित पक्ष को छत से अपनी लाइसेंसी राइफल से हवाई फायरिंग करनी पड़ी, जिसके बाद हमलावर भाग खड़े हुए। घटना 21 जून की शाम की है। पुलिस ने इस मामले में किसान के खिलाफ फायरिंग का मामला दर्ज किया था, जबकि रविवार को किसान परिवार की शिकायत पर हमला करने वालों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। ग्वालियर के महाराजपुरा थाना क्षेत्र के ग्राम कुंअरपुर में क्रिकेट की बॉल खेत में जाने और फसल खराब होने से रोकने पर किसान परिवार पर हमला कर दिया गया। आरोप है कि क्रिकेट खेलने वालों ने 40 से 45 लोगों की भीड़ बुलाकर घर पर पथराव कर दिया। जान बचाने के लिए किसान पक्ष को लाइसेंसी राइफल से हवाई फायरिंग करनी पड़ी। घटना 21 जून की है। पहले किसान पक्ष पर केस दर्ज हुआ था, जबकि रविवार को उनकी शिकायत पर दूसरे पक्ष के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज की गई। बार-बार खेत में जाती थी बॉल फरियादी अंकित राजावत ने पुलिस को बताया कि उनके खेत के पीछे आबिद खान, हजमत उर्फ गुंडा, अमजद और रज्जफ खान अपने साथियों के साथ क्रिकेट खेलते हैं। बॉल बार-बार खेत में जाने से फसल खराब होती थी। कई बार समझाने के बाद भी वे नहीं माने। बात बढ़ी तो बुला ली भीड़ 21 जून की शाम फिर बॉल खेत में चली गई। अंकित ने बॉल लेने आए युवकों को रोका तो उन्होंने फोन कर 40-45 लोगों को बुला लिया। आरोप है कि सभी ने लाठी-डंडों के साथ घर घेरकर पथराव शुरू कर दिया। हवाई फायरिंग के बाद भागे आरोपी परिवार का आरोप है कि पथराव से जान का खतरा देखकर अंकित के भाई राहुल सिंह राजावत ने अपनी लाइसेंसी राइफल से आत्मरक्षा में हवाई फायरिंग की। इसके बाद हमलावर मौके से भाग गए और जान से मारने की धमकी देकर चले गए। दोनों पक्षों पर दर्ज हुए केस अंकित ने बताया कि आरोपियों के डर से वे तुरंत थाने नहीं जा सके। बाद में शिकायत पर पुलिस ने दूसरे पक्ष के खिलाफ बलवा, पथराव और धमकी का मामला दर्ज किया। इससे पहले क्रिकेट खेलने वाले पक्ष की शिकायत पर राजावत परिवार के खिलाफ हवाई फायरिंग का प्रकरण दर्ज किया जा चुका है। महाराजपुरा थाना प्रभारी यशवंत गोयल ने बताया कि दोनों पक्षों की शिकायत पर अलग-अलग एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।



Source link

यूट्यूब पर आया ‘मिर्जापुर’ का असली भौकाल, टीजर रिलीज होते ही नंबर 1 पर कर लिया कब्जा!


Last Updated:

ओटीटी के बाद अब सिनेमाघरों में मचेगा कालीन भैया और गुड्डू पंडित का असली गदर! ‘मिर्ज़ापुर: द मूवी’ का धमाकेदार टीज़र रिलीज़ होते ही यूट्यूब पर नंबर 1 पर ट्रेंड कर रहा है. मेकर्स ने भी कह दिया- ‘ये भी ठीक है!’ जानिए कब बड़े पर्दे पर दस्तक देगी यह फिल्म.

Zoom

नई दिल्ली: ‘मिर्ज़ापुर’ के दीवानों के लिए आखिरकार वो घड़ी आ ही गई जिसका उन्हें महीनों से बेसब्री से इंतज़ार था. अगर आप भी कालीन भैया, गुड्डू पंडित और मुन्ना भैया के स्वैग के फैन हैं, तो आपके लिए एक बहुत बड़ी खुशखबरी है. ओटीटी की दुनिया में अपना खौफ और जलवा बिखेरने के बाद, अब मिर्ज़ापुर की टोली बड़े पर्दे पर तहलका मचाने आ रही है. मेकर्स ने फिल्म का एक बेहद ही दमदार और कड़क टीज़र रिलीज़ कर दिया है, जिसे देखने के बाद फैंस की एक्साइटमेंट सातवें आसमान पर पहुंच गई है.

यह टीजर सोशल मीडिया पर आते ही पूरी तरह से छा गया है. इंटरनेट पर इस समय सिर्फ और सिर्फ मिर्ज़ापुर का ही भौकाल देखने को मिल रहा है. फैंस इस टीज़र को इतना पसंद कर रहे हैं कि इसने रिलीज़ होते ही यूट्यूब की ट्रेंडिंग लिस्ट में पहले नंबर पर कब्ज़ा कर लिया है.

मेकर्स बोले- यूट्यूब पर नंबर 1 ट्रेंडिंग, ये भी ठीक है!
यूट्यूब पर नंबर 1 पर ट्रेंड करने की इस बड़ी कामयाबी को खुद मेकर्स ने फैंस के साथ शेयर किया है. इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट शेयर करते हुए मेकर्स ने अपने ही अंदाज़ में लिखा, “यूट्यूब पर #1 पर ट्रेंड कर रहा है मिर्ज़ापुर द मूवी का टीज़र! ये भी ठीक है. ” इसके साथ ही उन्होंने फैंस को याद दिलाया कि असली भौकाल देखने के लिए उन्हें थोड़ा सा इंतज़ार और करना होगा, क्योंकि यह फिल्म 4 सितंबर को सिनेमाघरों में दस्तक देगी.

View this post on Instagram





Source link

बालकनी के गमले में उगाएं रसीले और खुशबूदार नींबू, बस इन आसान स्टेप्स को अपनाएं


Lemon Plant Care Tips: घर की बालकनी में हरियाली देखने का अपना अलग ही सुकून होता है. अगर उसी हरियाली के बीच एक ऐसा पौधा हो, जिससे जरूरत पड़ने पर ताजा नींबू भी तोड़ सकें, तो बात ही अलग हो जाती है. बहुत से लोगों को लगता है कि नींबू का पौधा सिर्फ बड़े बगीचे में ही लगाया जा सकता है, लेकिन ऐसा बिल्कुल नहीं है. सही गमला, अच्छी मिट्टी और थोड़ी सी देखभाल के साथ नींबू का पौधा गमले में भी शानदार तरीके से बढ़ता है. एक बार पौधा अच्छी तरह तैयार हो जाए, तो कई सालों तक आपको ताजे और रसीले नींबू मिल सकते हैं. अगर आप भी अपने घर की बालकनी या छत पर नींबू उगाना चाहते हैं, तो कुछ आसान बातों का ध्यान रखकर यह काम बेहद आसान बनाया जा सकता है.

सही गमला और किस्म चुनना है सबसे पहला कदम
नींबू के पौधे के लिए ऐसा गमला चुनें जिसकी गहराई कम से कम 35 से 40 सेंटीमीटर हो और उसके नीचे पानी निकलने के लिए पर्याप्त छेद हों. छोटे गमले में जड़ें ठीक तरह से नहीं फैल पातीं. अगर संभव हो तो कंटेनर में उगने वाली किस्म जैसे मेयर या लिस्बन नींबू का पौधा लगाएं. ये गमले में अच्छी तरह बढ़ते हैं और जल्दी फल देना शुरू कर देते हैं.

मिट्टी का सही मिश्रण बनाएगा पौधा मजबूत
नींबू के पौधे को सख्त और चिपचिपी मिट्टी पसंद नहीं होती. इसके लिए ऐसी मिट्टी तैयार करें जिसमें बगीचे की मिट्टी, अच्छी तरह सड़ी हुई खाद, थोड़ी रेत और कोकोपीट मिला हो. इस तरह की मिट्टी में पानी नहीं रुकता और जड़ों तक हवा भी आसानी से पहुंचती रहती है. अच्छी मिट्टी पौधे की बढ़वार और फल आने दोनों के लिए जरूरी होती है.

सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी.

भरपूर धूप मिलना बेहद जरूरी है
नींबू का पौधा धूप पसंद करता है. इसे रोज कम से कम छह घंटे की सीधी धूप मिलनी चाहिए. गमले को ऐसी जगह रखें जहां सुबह या दोपहर की धूप अच्छी तरह आती हो. पर्याप्त धूप मिलने से पौधे में ज्यादा फूल आते हैं और फल भी बेहतर बनते हैं.

पानी देने में न करें जल्दबाजी
बहुत से लोग रोज पानी डाल देते हैं, जबकि नींबू के पौधे को जरूरत के हिसाब से ही पानी देना चाहिए. मिट्टी की ऊपरी परत सूखी दिखने पर तुरंत पानी डालने की बजाय दो से तीन इंच नीचे तक जांच लें. अगर मिट्टी सूखी हो तभी गहराई तक पानी दें. ज्यादा पानी देने से जड़ों में सड़न हो सकती है.

समय पर खाद देने से मिलेगा अच्छा फल
नींबू का पौधा लगातार पोषण चाहता है. बढ़वार के मौसम में हर चार से छह सप्ताह के बीच साइट्रस पौधों के लिए उपयुक्त खाद डालें. संतुलित खाद देने से पत्तियां हरी रहती हैं, फूल ज्यादा आते हैं और फल भी अच्छे आकार के बनते हैं.

हल्की छंटाई भी है जरूरी
गमले में लगे पौधे को बहुत ज्यादा फैलने न दें. समय-समय पर सूखी, कमजोर और आपस में टकराने वाली शाखाओं को काट दें. इससे पौधे में हवा का संचार बेहतर रहता है और नई शाखाएं तेजी से निकलती हैं. हल्की छंटाई पौधे को सुंदर आकार भी देती है.

तेज गर्मी और ठंड से करें बचाव
अगर बहुत तेज धूप पड़ रही हो, तो दोपहर के समय गमले को थोड़ी छांव में रख सकते हैं. सर्दियों में बहुत ज्यादा ठंड होने पर पौधे को हल्के कपड़े से ढक दें. मौसम के अनुसार थोड़ी सावधानी रखने से पौधा स्वस्थ बना रहता है.

गमले में लगे नींबू के पौधे की देखभाल
नींबू के पौधे की नियमित जांच करते रहें. अगर पत्तियां पीली होने लगें या कीड़े दिखाई दें, तो समय रहते उनका इलाज करें. गिरे हुए पत्ते और सूखी टहनियां हटाते रहें ताकि पौधा साफ और स्वस्थ बना रहे. सही देखभाल मिलने पर गमले में लगा पौधा भी कई सालों तक फल देता रहता है.

घर में नींबू उगाने के फायदे
घर का ताजा नींबू बाजार के नींबू से ज्यादा ताजा और खुशबूदार होता है. जरूरत पड़ने पर तुरंत फल तोड़ सकते हैं. साथ ही बालकनी की खूबसूरती भी बढ़ती है और घर का वातावरण ज्यादा हराभरा और ताजा महसूस होता है. थोड़ी सी मेहनत के बदले आपको लंबे समय तक ताजे नींबू मिलते रहते हैं.



Source link

मोदी को सेशेल्स का सर्वोच्च नागरिक सम्मान: बोले- हिंद महासागर को अवसरों का महासागर बनाएं; पीएम को अब तक 34 देश सम्मानित कर चुके


विक्टोरिया53 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

पीएम मोदी को सेशेल्स के राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी ने पर्यावरण के क्षेत्र में देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान दिया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को रविवार को सेशेल्स के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘गार्जियन ऑफ ब्लू होराइजन’ से सम्मानित किया गया। इसके साथ ही प्रधानमंत्री मोदी को अब तक 34 देशों के सर्वोच्च नागरिक सम्मान मिल चुके हैं।

सम्मान मिलने पर प्रधानमंत्री मोदी ने सेशेल्स की जनता, सरकार और राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी का आभार जताया। उन्होंने कहा कि भारत और सेशेल्स को मिलकर हिंद महासागर को ‘अवसरों का महासागर’ बनाने की दिशा में काम करना चाहिए।

इससे पहले सेशेल्स की राजधानी विक्टोरिया में प्रधानमंत्री मोदी को औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर भी दिया गया।

पीएम मोदी को राष्ट्रपति पैट्रिक ने सेशेल्स का सर्वोच्च नागरिक सम्मान दिया।

पीएम मोदी को राष्ट्रपति पैट्रिक ने सेशेल्स का सर्वोच्च नागरिक सम्मान दिया।

इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी को गार्ड ऑफ ऑनर भी दिया गया। यह एक सैन्य सम्मान है, जिसमें सैनिक अपनी जगह पर खड़े होकर राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री या किसी विशेष अतिथि को सलामी देते हैं।

इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी को गार्ड ऑफ ऑनर भी दिया गया। यह एक सैन्य सम्मान है, जिसमें सैनिक अपनी जगह पर खड़े होकर राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री या किसी विशेष अतिथि को सलामी देते हैं।

इसके बाद राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी ने मोदी का स्वागत किया। दोनों के बीच द्विपक्षीय बैठक शुरू हो गई है।

इसके बाद राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी ने मोदी का स्वागत किया। दोनों के बीच द्विपक्षीय बैठक शुरू हो गई है।

पर्यावरण के क्षेत्र में मोदी को अब तक 3 बड़े सम्मान

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सेशेल्स का सर्वोच्च नागरिक सम्मान पर्यावरण की रक्षा, जलवायु परिवर्तन से मुकाबला करने और लंबे समय तक पर्यावरण को सुरक्षित रखने की दिशा में किए गए काम के लिए मिला है।

पर्यावरण के क्षेत्र में मोदी को अब तक 3 बड़े अवार्ड मिल चुके हैं। इससे पहले मई 2026 में संयुक्त राष्ट्र की एजेंसी खाद्य एवं कृषि संगठन (FAO) ने उन्हें एग्रीकोला मेडल से सम्मानित किया था। संयुक्त राष्ट्र ने साल 2018 में प्रधानमंत्री मोदी को अपना सर्वोच्च पर्यावरण सम्मान ‘चैंपियंस ऑफ द अर्थ अवॉर्ड’ प्रदान किया था।

मोदी-हर्मिनी की बैठक, द्विपक्षीय संबंधों पर हुई चर्चा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को सेशेल्स के राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी के साथ द्विपक्षीय बैठक की। मोदी ने कहा कि भारत और सेशेल्स दोनों देशों के उद्योगों के लिए नए अवसर तलाशना जारी रखेंगे। साथ ही दोनों देशों के बीच संपर्क और कनेक्टिविटी को भी मजबूत किया जाएगा। भारत डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में अपने सफल अनुभव सेशेल्स के साथ साझा करेगा।

मोदी शनिवार को तीन दिन के दौरे पर हिंद महासागर में स्थित सेशेल्स पहुंचे है। रविवार को राजधानी विक्टोरिया के स्टेट हाउस में राष्ट्रपति हर्मिनी ने उनका स्वागत किया। इसके बाद दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडलों के बीच बैठक हुई, जिसमें आपसी सहयोग और द्विपक्षीय संबंधों से जुड़े सभी अहम मुद्दों पर चर्चा हुई।

PM मोदी के सेशेल्स दौरे से जुड़ी 3 तस्वीरें…

सेशेल्स की राजधानी विक्टोरिया में शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी ने सेशेल्स कोस्ट गार्ड को भारत में बना फास्ट पेट्रोल वेसल 'लेस्पवार' सौंपा।

सेशेल्स की राजधानी विक्टोरिया में शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी ने सेशेल्स कोस्ट गार्ड को भारत में बना फास्ट पेट्रोल वेसल ‘लेस्पवार’ सौंपा।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी को भारत में बना फास्ट पेट्रोल वेसल 'पीएस लेस्पवार' सौंपा। इससे सेशेल्स की समुद्री निगरानी और उसके विशेष आर्थिक क्षेत्र (EEZ) में गश्त की क्षमता मजबूत होगी।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी को भारत में बना फास्ट पेट्रोल वेसल ‘पीएस लेस्पवार’ सौंपा। इससे सेशेल्स की समुद्री निगरानी और उसके विशेष आर्थिक क्षेत्र (EEZ) में गश्त की क्षमता मजबूत होगी।

PM मोदी सेशेल्स नेशनल बोटैनिकल गार्डन पहुंचे और वहां पर कछुए को पत्ते खिलाए।

PM मोदी सेशेल्स नेशनल बोटैनिकल गार्डन पहुंचे और वहां पर कछुए को पत्ते खिलाए।

PM मोदी के सेशेल्स दौरे की खास बातें

1. गोल्डन जुबली नेशनल डे में मुख्य अतिथि

पीएम मोदी सेशल्स की आजादी के 50 साल पूरे होने पर मुख्य अतिथि के तौर पर शामिल हुए हैं। इस मौके पर भारतीय सशस्त्र बलों की एक टुकड़ी और भारतीय नौसेना का युद्धपोत INS तरकश और हाइड्रोग्राफिक सर्वे शिप INS इक्षक भी परेड और समारोह का हिस्सा बने हैं।

2. 175 मिलियन डॉलर का आर्थिक पैकेज

भारत ने सेशल्स के विकास और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए 175 मिलियन अमेरिकी डॉलर (1651 करोड़) के आर्थिक पैकेज की घोषणा की है। इसके अलावा भारत ने सेशेल्स को भारत में बना फास्ट पेट्रोल वेसल (FPV) ‘पीएस लेस्पवार’ गिफ्ट किया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत में निर्मित फास्ट पेट्रोल वेसल PS लेस्पवार सेशेल्स के राष्ट्रपति डॉ. पैट्रिक हर्मिनी को गिफ्ट किया। यह सेशेल्स की समुद्री निगरानी क्षमता को मजबूत करेगा।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत में निर्मित फास्ट पेट्रोल वेसल PS लेस्पवार सेशेल्स के राष्ट्रपति डॉ. पैट्रिक हर्मिनी को गिफ्ट किया। यह सेशेल्स की समुद्री निगरानी क्षमता को मजबूत करेगा।

3. नए समझौतों पर हस्ताक्षर

  • प्रत्यर्पण संधि: सुरक्षा और कानून व्यवस्था को मजबूत करने के लिए समझौता हुआ।
  • स्वास्थ्य सेवा: भारत सेशेल्स में एक नेशनल हॉस्पिटल बनाने में मदद करेगा।
  • अंतरिक्ष और कृषि: अंतरिक्ष की खोज और कृषि के क्षेत्र में भी दोनों देशों ने हाथ मिलाया है।

4. मोदी ने कोको डी मेर पौधा लगाया

कोको डी मेर का पौधा और इसका फल सिर्फ सेशल्स पर ही प्राकृतिक रूप से पाया जाता है। इसके फल के अंदर मिलने वाला बीज दुनिया का सबसे बड़ा और सबसे भारी बीज माना जाता है। एक अकेले बीज का वजन 15 से 30 किलोग्राम तक हो सकता है।

कोको डी मेर के नर और मादा पेड़ अलग-अलग होते हैं। मादा फल महिला के कूल्हे जैसा दिखाई देता है। इसे ‘डबल कोकोनट’ भी कहा जाता है। वहीं, नर फूल पुरुष के जननांग जैसा दिखता है। इस अनूठी बनावट के कारण सदियों से इस पौधे को लेकर कई तरह की लोककथाएं और पौराणिक कहानियां प्रचलित हैं।

इस पेड़ को वयस्क होने और फल देने में 20 से 40 साल का समय लगता है। एक फल को पूरी तरह पककर तैयार होने में 6 से 7 साल लग जाते हैं। यह पेड़ बेहद लंबी उम्र जीता है; माना जाता है कि ये 200 से 350 साल तक जीवित रह सकते हैं।

प्राचीन काल में, जब यह फल समुद्र में तैरता हुआ मालदीव या भारत के तटों पर पहुंच जाता था, तो लोग सोचते थे कि यह समुद्र के तल में उगने वाले किसी जादुई पेड़ का फल है। इसी वजह से फ्रांसीसी भाषा में इसका नाम ‘कोको डी मेर’ पड़ा, जिसका अर्थ होता है समुद्र का नारियल।

सेशेल्स से जुड़ी खास बातें जानिए…

सेशेल्स की पहली बस्ती में शामिल थे 5 भारतीय

पुर्तगाली नाविक वास्को द गामा ने पहली बार सेशेल्स को 1502 में खोज की थी। तब यहां पर लोगों की कोई स्थाई बसावट नहीं थी। इसके बाद कई सदियों तक अरब और यूरोपीय जहाज यहां रुकते रहे, लेकिन कोई स्थायी आबादी नहीं बनी।

पहली बार 1770 में फ्रांस ने पहली स्थायी बस्ती बसाई। इसी दल में 15 फ्रांसीसी बसने वाले, 7 अफ्रीकी गुलाम और 5 भारतीय शामिल थे। इन्हें सेशेल्स का पहला स्थायी निवासी माना जाता है। इसके बाद 19वीं सदी में ब्रिटिश शासन के दौरान बिहार के भोजपुरी भाषी इलाकों से भी लोग यहां आकर बसने लगे। 20वीं सदी से तमिलनाडु और गुजरात से भी बड़ी संख्या में भारतीय व्यापारी, मजदूर और निर्माण कार्य से जुड़े लोग सेशेल्स पहुंचे।

सेशेल्स के पूर्व राष्ट्रपति के पूर्वज बिहार से

आज करीब 1.20 लाख आबादी वाले इस देश में भारतीय मूल के लोग लगभग 8% हैं। भारतीय मूल के लोगों में बिहारी समुदाय तीसरा सबसे बड़ा समूह माना जाता है। साल 2020 में राष्ट्रपति बने वेवेल रामकलावन की जड़ें भी बिहार से जुड़ी हैं।

रामकलावन के परदादा करीब 138 साल पहले बिहार के गोपालगंज जिले के परसौनी गांव से कोलकाता पहुंचे थे। वहां से उन्हें गन्ने के खेतों में काम करने के लिए मॉरीशस भेजा गया। बाद में उनका परिवार सेशेल्स में बस गया। साल 2018 में, जब रामकलावन विपक्ष के सांसद थे, तब उन्होंने अपने पूर्वजों के गांव परसौनी का दौरा भी किया था।

सेशेल्स के कछुए लंबी उम्र के लिए मशहूर

दुनिया में कछुओं की 360 से ज्यादा प्रजातियां हैं। इनमें से सेशेल्स में पाया जाने वाला अल्डाब्रा जायंट कछुआ सबसे प्रसिद्ध प्रजातियों में से एक है। यह प्रजाति अपनी बेहद लंबी उम्र (औसत उम्र 150 साल) के लिए जानी जाती है।

दुनिया का सबसे उम्रदराज जीवित स्थलीय जानवर जोनाथन भी इसी प्रजाति का कछुआ है। जोनाथन की उम्र करीब 194 साल मानी जाती है। उसका जन्म लगभग 1832 में हुआ था। वह 1882 में करीब 50 साल की उम्र में सेशेल्स से सेंट हेलेना भेज दिया गया था।

वैज्ञानिक उसकी लंबी उम्र का राज जानने के लिए उसके डीएनए का अध्ययन कर रहे हैं। उनका मानना है कि उसकी कोशिकाएं इंसानों की कोशिकाओं की तरह तेजी से बदलाव नहीं करतीं। इससे उम्र बढ़ने और लंबी जिंदगी से जुड़े नए रहस्यों का पता चल सकता है।

दुनिया का सबसे उम्रदराज जीवित कछुआ। इसका नाम जोनाथन है। यह एल्डाब्रा जायंट कछुए की प्रजाति का है और अटलांटिक महासागर में स्थित सेंट हेलेना द्वीप पर रहता है।

दुनिया का सबसे उम्रदराज जीवित कछुआ। इसका नाम जोनाथन है। यह एल्डाब्रा जायंट कछुए की प्रजाति का है और अटलांटिक महासागर में स्थित सेंट हेलेना द्वीप पर रहता है।

मोदी बोले- भारत और सेशेल्स के राजनयिक संबंधों के 50 साल पूरे

पीएम मोदी ने सेशेल्स दौरे पर कहा- सेशेल्स भारत का महत्वपूर्ण समुद्री पड़ोसी और ‘विजन महासागर (MAHASAGAR)’ का प्रमुख साझेदार है। इस साल भारत और सेशेल्स के बीच राजनयिक संबंधों के 50 वर्ष पूरे हो रहे हैं। दोनों देशों के संबंध आपसी विश्वास, लोकतांत्रिक मूल्यों, विविधता के सम्मान और लोगों के गहरे जुड़ाव पर आधारित हैं।

फरवरी 2026 में राष्ट्रपति हर्मिनी की भारत यात्रा के बाद अब इस दौरे में द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने पर चर्चा होगी। दोनों देश हिंद महासागर क्षेत्र में सुरक्षा, समृद्धि और विकास को आगे बढ़ाने के लिए मिलकर काम करेंगे।

मैं सेशेल्स की नेशनल असेंबली को संबोधित करने वाला पहला भारतीय प्रधानमंत्री बनूंगा। यह अवसर दोनों देशों के मजबूत लोकतांत्रिक मूल्यों और संसदीय परंपराओं को दर्शाता है। सेशेल्स में बसे भारतीय समुदाय से मिलने का भी अवसर मिलेगा, जिसने पीढ़ियों से दोनों देशों की मित्रता को मजबूत किया है।

मुझे विश्वास है कि यह यात्रा भारत-सेशेल्स संबंधों को और गहरा करेगी, हिंद महासागर में समुद्री सहयोग बढ़ाएगी और सुरक्षित, शांतिपूर्ण व समृद्ध हिंद महासागर क्षेत्र के साझा दृष्टिकोण को आगे बढ़ाएगी।

मोदी सेशेल्स जाने वाले सिर्फ दूसरे प्रधानमंत्री

पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी साल 1976 में सेशेल्स गई थीं। उसी साल सेशेल्स आजाद हुआ था। भारत ने सेशेल्स के स्वतंत्रता समारोह में नौसेना का युद्धपोत आईएनएस नीलगिरि भी भेजा था। इसके बाद इंदिरा गांधी ने 1981 में फिर सेशेल्स का दौरा किया था।

उनकी यात्रा के बाद, लगभग 34 साल तक किसी भी भारतीय प्रधानमंत्री ने सेशेल्स की यात्रा नहीं की थी। इस दौरे का सबसे बड़ा उद्देश्य हिंद महासागर क्षेत्र में भारत की रणनीतिक मौजूदगी और समुद्री सुरक्षा सहयोग को मजबूत करना था।

मोदी की इस यात्रा के दौरान भारत ने सेशेल्स को दूसरा डोर्नियर समुद्री निगरानी विमान देने की घोषणा की, ताकि समुद्री निगरानी और तटीय सुरक्षा मजबूत हो सके।

मोदी ने भारत की मदद से बने तटीय निगरानी रडार नेटवर्क का उद्घाटन किया। यह हिंद महासागर में जहाजों की निगरानी और समुद्री सुरक्षा बढ़ाने की भारत की बड़ी रणनीति का हिस्सा था।

उस समय चीन हिंद महासागर के द्वीपीय देशों में अपना प्रभाव बढ़ा रहा था। ऐसे में मोदी का दौरा भारत की ‘पड़ोसी पहले’ और हिंद महासागर में रणनीतिक साझेदारी मजबूत करने की नीति का अहम हिस्सा माना गया।

—————

ये खबर भी पढ़ें…

PM मोदी ने सेशेल्स में कछुओं को पत्तियां खिलाईं, VIDEO:256 साल पहले 5 भारतीय रहने पहुंचे थे; अब हर 8वां नागरिक भारतवंशी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को तीन दिवसीय दौरे पर सेशेल्स पहुंचे। राजधानी विक्टोरिया में राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी ने उनका स्वागत किया। दोनों नेताओं ने नेशनल बोटैनिकल गार्डन में एल्डाब्रा जाइंट कछुओं को पत्तियां खिलाईं। मोदी 29 जून को सेशेल्स के 50वें राष्ट्रीय दिवस समारोह में मुख्य अतिथि भी होंगे।

हिंद महासागर में बसे इस छोटे से द्वीपीय देश का भारत से रिश्ता सिर्फ रणनीतिक नहीं, बल्कि 256 साल पुराना भी है। साल 1770 में जब यहां पहली स्थायी बस्ती बसाई गई, तब वहां पहुंचने वाले 27 लोगों में 5 भारतीय भी शामिल थे। बाद में बिहार, तमिलनाडु और गुजरात से भी बड़ी संख्या में भारतीय यहां आकर बस गए। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…



Source link

जिलाधिकारी ने सघन पल्स पोलियो महाअभियान का शुभारंभ किया: प्राथमिक विद्यालय लोढ़ी में नवजात शिशु को पिलाई खुराक – Sonbhadra News




सघन पल्स पोलियो महाअभियान रविवार से शुरू हो गया है। जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने आज प्राथमिक विद्यालय लोढ़ी में एक नवजात शिशु को पोलियो की दो बूंदें पिलाकर इस अभियान का विधिवत शुभारंभ किया। इस अवसर पर जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने कहा कि पोलियो एक गंभीर बीमारी है, और समय पर दी गई दो बूंदें बच्चों को आजीवन सुरक्षा प्रदान करती हैं। उन्होंने जनपद के सभी अभिभावकों से अपील की कि 0 से 5 वर्ष तक के प्रत्येक बच्चे को पोलियो की खुराक अवश्य पिलाई जाए, भले ही उन्हें पहले कितनी भी बार दवा दी गई हो। उन्होंने जोर दिया कि कोई भी बच्चा इस अभियान से वंचित नहीं रहना चाहिए। जिलाधिकारी ने सभी जनप्रतिनिधियों, ग्राम प्रधानों, आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों, आशा कार्यकर्ताओं, शिक्षकों, स्वयंसेवी संस्थाओं और मीडिया प्रतिनिधियों से इस अभियान को जन-जन तक पहुँचाने में सहयोग करने का आग्रह किया। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. रमेश कुमार मिश्रा ने बताया कि पल्स पोलियो अभियान का मुख्य उद्देश्य जनपद के 0 से 5 वर्ष आयु वर्ग के प्रत्येक बच्चे तक पोलियो की खुराक पहुँचाना है। इसके लिए जनपद में पोलियो बूथ, ट्रांजिट बूथ और घर-घर भ्रमण की व्यापक व्यवस्था की गई है। डॉ. मिश्रा ने अभिभावकों से आग्रह किया कि वे अपने बच्चों को निकटतम पोलियो बूथ पर अवश्य लाएं। यदि किसी कारणवश बूथ तक पहुँचना संभव न हो, तो घर आने वाली स्वास्थ्य टीम से बच्चों को पोलियो की खुराक अवश्य दिलवाएं। जनपद में कुल 3,07,095 बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए 1092 पोलियो बूथ, 36 ट्रांजिट टीमें और 7 मोबाइल टीमों का गठन किया गया है। बूथ दिवस पर 0 से 5 वर्ष आयु के बच्चों को प्रातः 9:00 बजे से सायं 4:00 बजे तक पोलियो की खुराक पिलाई जाएगी। इस अवसर पर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. रमेश कुमार मिश्रा, जिला कार्यक्रम अधिकारी विनीत कुमार सिंह, गिरधारी लाल सहित अन्य अधिकारी और स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी उपस्थित थे।



Source link