Wednesday, June 17, 2026
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निशांत को क्यों मिला 5 देशरत्न मार्ग बंगला: दोनों डिप्टी सीएम का शिफ्ट होने से इंकार, 4 कार्यकाल पूरा नहीं कर पाए, वास्तु दोष की कहानी – Patna News




उप मुख्यमंत्री आवास के रूप में तैयार किया गया 5 देशरत्न मार्ग बंगला अब बिहार के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार का ठिकाना बन गया है। सीएम आवास 1 अणे मार्ग से सटे इस बंगले की अनोखी कहानी है। इसमें रहने वाले डिप्टी सीएम अपना कार्यकाल पूरा नहीं कर पाए। तेजस्वी यादव ने करोड़ों रुपए खर्च कर बंगले को संवारा, लेकिन उनकी कुर्सी छिन गई। सम्राट चौधरी ने इसे अपनाया। वास्तु दोष ठीक करने के लिए कुछ उपाय किए, लेकिन वह भी अपना कार्यकाल पूरा नहीं कर पाए। उनके लिए अच्छी बात यह रही कि सीएम बन गए। 5 देशरत्न मार्ग बंगला क्यों निशांत कुमार को अलॉट किया गया? इससे जुड़े अपशकुन की क्या कहानी है? पढ़िए रिपोर्ट…। दोनों डिप्टी सीएम ने 5 देशरत्न मार्ग में रहने से इनकार किया 5 देशरत्न मार्ग को सीएम आवास से अलग करने के बाद इसे फिर से डिप्टी सीएम को अलॉट करने की बात कही गई थी। बताया गया कि दोनों डिप्टी सीएम में से जो भी रहना चाहें वो इस बंगले में रह सकते हैं। जानकारी के मुताबिक डिप्टी सीएम विजय चौधरी और विजेंद्र यादव दोनों अपने आवास में सालों से रहते आए हैं। विजेंद्र यादव 1 देशरत्न मार्ग आवास में लगभग 20 सालों से रह रहे हैं। वहीं, विजय चौधरी भी आवास में कई सालों से रह रहे हैं। दोनों ने अपने आवास छोड़कर 5 देशरत्न मार्ग जाने से इनकार कर दिया। क्यों अपने पास बंगला नहीं रख पाए सम्राट चौधरी? 30 अप्रैल 2026 को बिहार सरकार ने CM आवास ‘1, अणे मार्ग’ का दायरा बढ़ाया। बगल वाला बंगला ‘5 देशरत्न मार्ग’ को भी सीएम आवास का हिस्सा बना लिया। संयुक्त सचिव-सह-भू-संपदा पदाधिकारी शिव रंजन ने आदेश जारी कर कहा कि 5 देशरत्न मार्ग का पुराना आवंटन रद्द कर दिया गया है। अब यह स्वतंत्र बंगला नहीं रहेगा, बल्कि इसे 1 अणे मार्ग के ‘विस्तारित हिस्से’ के रूप में जाना जाएगा। इस फैसले को लेकर विपक्ष ने सवाल उठाया। राजद की ओर से कहा गया कि सरकार राबड़ी देवी को बंगला (10 सर्कुलर रोड) खाली करने के लिए कह रही है। वहीं, सीएम के आवास में एक और बंगला जोड़ लिया गया है। मामले के तूल पकड़ने पर पूर्व सीएम नीतीश कुमार ने हस्तक्षेप किया है। उन्होंने भवन निर्माण मंत्री लेसी सिंह को तलब किया और पूरी जानकारी ली। इसके बाद 5 जून को 5 देश रत्न मार्ग बंगले को मुख्यमंत्री आवास से अलग कर दिया गया है। भवन निर्माण विभाग ने कहा कि 5 देशरत्न मार्ग पटना को अस्थायी रूप से सीएम आवास के मरम्मत कार्य होने तक विस्तारित अंश के रूप में चिन्हित किया गया था। अब मरम्मत काम पूरा हो गया है। ये देखते हुए 30 अप्रैल के आदेश को वापस ले लिया जाता है। क्या है 5 देशरत्न मार्ग से जुड़ा अपशकुन वाला मामला? 5 देशरत्न मार्ग आवास के साथ अपशकुन वाला एक किस्सा जुड़ा है। इस बंगले में रहने वाले डिप्टी सीएम अपना 5 साल का कार्यकाल पूरा नहीं कर पाए हैं। सभी को समय से पहले आवास खाली करना पड़ा। 2015 से अब तक इसमें तेजस्वी यादव (दो बार), सुशील कुमार मोदी, तारकिशोर प्रसाद और सम्राट चौधरी रह चुके हैं। तेजस्वी ने बंगला पर खर्च किए करोड़ों रुपए तेजस्वी यादव 2015 में पहली बार डिप्टी सीएम बने तो इस बंगले में शिफ्ट हुए थे। उन्होंने इसका भव्य तरीके से निर्माण कराया था। दिवंगत भाजपा नेता सुशील मोदी ने आरोप लगाया था कि इसके लिए करोड़ों रुपए खर्च हुए। 17 महीनों के भीतर 2017 में महागठबंधन टूट गया। तेजस्वी डिप्टी सीएम पद से बेदखल हुए, आवास खाली करना पड़ा। अगस्त 2022 में तेजस्वी यादव फिर से डिप्टी सीएम बने तो इस घर में रहने आए, लेकिन जनवरी 2024 में उन्हें एक बार फिर उप मुख्यमंत्री का पद छोड़ना पड़ा। सुशील कुमार मोदी का कार्यकाल भी अधूरा रहा 2017 में तेजस्वी के बाद सुशील कुमार मोदी उप मुख्यमंत्री बने और इस बंगले में रहने आए। 2020 में नई सरकार बनने पर उन्हें मंत्रिमंडल में जगह नहीं मिली और बंगला छोड़ना पड़ा। नवंबर 2020 में तारकिशोर प्रसाद उपमुख्यमंत्री बने, लेकिन उन्हें अगस्त 2022 को यह पद छोड़ना पड़ा। 2024 में सम्राट को उपमुख्यमंत्री बनाया गया। उन्होंने अक्टूबर 2024 (विजयादशमी) के अवसर पर इस बंगले में प्रवेश किया। बंगले के वास्तु दोष को दूर करने के लिए पुराने गेट को स्थायी रूप से बंद करवाकर नया प्रवेश द्वार बनवाया। मुख्यमंत्री बनने के बाद भी लंबे समय तक उसी बंगले में रहे। सम्राट के लिए इस बंगले में रहना शुभ रहा। वह डिप्टी सीएम से सीएम बने। 5 देशरत्न बंगले की क्या है खासियत? 5 देश रत्न मार्ग लगभग 5 एकड़ में फैला हुआ है। बंगले के अंदर कीमती इटालियन मार्बल, मॉडर्न वूडन वर्क और खास लाइट्स लगाई गई हैं। इसमें एक बड़ा कॉन्फ्रेंस हॉल और मीटिंग रूम बना हुआ है। बंगले में 5 बड़े रूम हैं। इसके साथ ही वीआईपी गेस्ट रूम, डाइनिंग हॉल, कॉन्फ्रेंस हॉल और एक बड़ा स्टाफ ऑफिस है। मिलने आए लोगों के लिए वेटिंग लाउंज और सुरक्षाकर्मियों के लिए बैरक है। बड़ा किचन है। परिसर में एक बड़ा और हरा-भरा शानदार बगीचा है। जहां नेताओं का गेट टुगेदर होता है। इस बंगले में मुख्यमंत्री आवास की तरह एक कैंप कार्यालय है। जहां से निशांत अपने विभाग और जनता से जुड़े कार्यों का निपटारा कर सकते हैं। तेजस्वी यादव ने कराए थे 5 स्टार होटल जैसे इंतजाम तेजस्वी यादव ने इस बंगले में काफी काम कराया था। इसमें 5-स्टार होटल जैसी सुविधाएं विकसित की थी। स्पेन से आयातित ग्रेनाइट, जयपुर के झूमर और बेहतरीन वुडन फ्लोरिंग लगवाया था। कैंपस में 44 से अधिक एसी (AC) लगाए गए थे। बाथरूम में भी एयर कंडीशनिंग की सुविधा थी। महंगे लेदर से बने 35 सोफा, 464 फैंसी एलईडी लाइट, 108 पंखे और दीवारों पर वुडेन पैनल लगाया गया। मकराना के संगमरमर, इटालियन टाइल्स, बाथरूम में अत्याधुनिक झरने, कीमती फर्नीचर, स्वचालित आरामदायक सोफे, बिलियर्ड रूम जैसी सुविधाएं हैं। निशांत को 5 देशरत्न बंगला देकर सरकार ने क्या मैसेज दिया? जदयू प्रमुख नीतीश कुमार के पुत्र निशांत कुमार बिहार सरकार में स्वास्थ्य मंत्री हैं। इसके बाद भी उन्हें डिप्टी सीएम वाला बंगला मिला है। इससे सरकार ने संदेश दिया है कि निशांत की क्या भूमिका है। नीतीश के राज्यसभा जाने के बाद वह सरकार में जदयू नेतृत्व वाले रोल में हैं।



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SOG की कार्रवाई: आठ लाख में पीटीआई की नौकरी लगाने का सौदा; सूचना सहायक ने डमी कैंडिडेट बनकर मुकेश की जगह दी थी परीक्षा, अब गिरफ्तार – Barmer News



राजस्थान में प्रतियोगी परीक्षाओं में फर्जीवाड़े के खिलाफ एसओजी ने एक और बड़ी कार्रवाई की है। 25 हजार रुपए के इनामी वांटेड को गिरफ्तार किया गया है। यह मामला शारीरिक शिक्षा अध्यापक भर्ती परीक्षा-2022 से जुड़ा है। आरोपी डमी कैंडिडेट के रूप में बैठा था।

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एसओजी ने 29 वर्षीय पवन कुमार पुत्र धौंकलाराम विश्नोई, निवासी भलीसर, तेजे की ढाणी, धोरीमन्ना को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया है कि आरोपी वर्तमान में बाड़मेर के उप महानिरीक्षक कार्यालय में सूचना सहायक के पद पर नौकरी कर रहा है। अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस एसओजी विशाल बंसल ने पूरे नेक्सस का खुलासा किया। 25 सितंबर 2022 को दो पारियों में आयोजित पीटीआई भर्ती परीक्षा में डमी अभ्यर्थी पवन कुमार ने असली अभ्यर्थी मुकेश सारण की जगह परीक्षा दी थी। इस काम के लिए दलाल भभूताराम के मार्फत 8 लाख रुपए में सौदा हुआ था।

फर्जीवाड़े से मिली नौकरी, लेकिन खुल गई पोल

डमी कैंडिडेट पवन कुमार के परीक्षा देने का नतीजा यह रहा कि असली अभ्यर्थी मुकेश सारण का अंतिम रूप से चयन हो गया। उसने पीटीआई की सरकारी नौकरी भी जॉइन कर ली। हालांकि, जब एसओजी तक इस फर्जीवाड़े की शिकायत पहुंची, तो जांच के बाद मुकदमा दर्ज किया गया। फिर एक-एक करके परतें खुलने लगीं। असली अभ्यर्थी सहित 5 पहले ही जेल जा चुके हैं।

एसओजी जयपुर ने इस प्रकरण में केस नंबर 43/2024 आईपीसी की धारा 419, 420, 467, 468, 471, 120-B और राजस्थान सार्वजनिक परीक्षा अधिनियम 2022 की विभिन्न धाराओं के तहत दर्ज किया था। डमी कैंडिडेट पवन कुमार फरार चल रहा था। उस पर 25 हजार का इनाम था।

अब 26 जून तक रिमांड पर

वांछित इनामी की तलाश के लिए एसओजी ने एक विशेष टीम का गठन किया था। टीम ने तकनीकी सहयोग और मुखबिरों की सूचना पर आरोपी पवन कुमार को दस्तयाब किया। पूछताछ के बाद उसे गिरफ्तार किया गया। आरोपी को कोर्ट में पेश कर 26 जून 2026 तक पुलिस रिमांड पर लिया। एसओजी अब उससे न पूछताछ कर रही है।



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‘रात बिताओ, तभी शूट होगा गाना’: मॉडल बोली- लुधियाना बुला डायरेक्टर ने शर्त रखी; 2 गानों के लिए आई, दोनों बार कंप्रोमाइज करने बोला – Ludhiana News


श्वेता खन्ना ने बताया कि डायरेक्टर ने उसे बताए बिना सॉन्ग रिलीज कर दिया और उसमें उसके बोल्ड सीन दिखा दिए थे।

पंजाबी म्युजिक इंडस्ट्री में काम के बदले समझौते के ऑफर मिलने के आरोप एक बार फिर चर्चा में हैं। दिल्ली की मॉडल श्वेता खन्ना ने दावा किया कि करियर के शुरुआती दौर में उन्हें एक गाने में रोल दिलाने के बहाने लुधियाना बुलाया गया था।

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श्वेता ने कहा- वह इस मौके को लेकर काफी उत्साहित थीं, लेकिन जब वो लुधियाना के एक होटल में पहुंची और डायरेक्टर आधी रात को उसके कमरे में पहुंच गया। डायरेक्टर ने उसे साफ कह दिया कि रात बिताओगी तो ही गाना शूट होगा।

श्वेता ने कहा कि म्युजिक इंडस्ट्री के कई डायरेक्टर्स, प्रड्यूसर्स व सिंगर्स ऐसे हैं, लड़कियों को देखते ही उनके माइंड में सेक्स दौड़ने लगता है। उसे कई बार डायरेक्टर्स, सिंगर्स व प्रड्यूडर्स इस तरह का ऑफर दे चुके हैं, लेकिन उसने कभी फेम के लिए होटल के कमरों में उनके साथ लेटना स्वीकार नहीं किया।

श्वेता ने कहा- पंजाब में उसका एक्सपीरिएंस अच्छा नहीं रहा। अब तक वह दो गानों के लिए पंजाब आई और दोनों बार उसे गाना शूट करवाने के बदले कंप्रोमाइज करने को कहा गया, पर वो तैयार नहीं हुई। एक बार तो बिना समति के उसके बोल्ड सीन ले लिए थे, जिससे सॉन्ग यूट्यूब से डिलीट करवाया था। उनका कहना है कि अकेला ऐसा पंजाब में नहीं है, बल्कि सभी जगहों पर ऐसा ही है।

उसके साथ ऐसे कई घटनाएं हुई, हरियाणा से लेकर मुंबई तक। श्वेता ने बताया कि वो इस बात का खुलासा इसलिए कर रही हैं, ताकि लड़कियों को अवेयर कर सकूं कि वो इस इंडस्ट्री में आती हैं, तो अपना करेक्टर खुद बचाकर रखें।

मॉडल श्वेता खन्ना ने कहा कि सॉन्ग में काम करने का ऑफर मिलने से मैं बेहद उत्साहित थी। मेरी फेमिली भी इस बात से बेहद खुश थी।

मॉडल के साथ हुई दो घटनाओं को जानिए…

  • सॉन्ग में काम करने के लिए लुधियाना बुलाया: श्वेता खन्ना ने कहा कि 2020 में पंजाब के एक डायरेक्टर ने पंजाबी सॉन्ग में गाने के लिए लुधियाना बुलाया। सॉन्ग में काम करने का ऑफर मिलने से मैं बेहद उत्साहित थी। मेरी फेमिली भी इस बात से बेहद खुश थी।
  • होटल में कमरा बुक कर दिया: श्वेता ने बताया कि डायरेक्टर ने उसे कहा कि शूट के लिए सुबह अर्ली मॉर्निंग अलग-अलग साइट्स पर जाना है, इसलिए आप एक दिन पहले नाइट स्टे के लिए लुधियाना आ जाना। यहां पर आपके लिए होटल में कमरा बुक कर दिया है। अगले दिन शाम को लुधियाना आई और सीधे बताए गए होटल में गई।
  • फोन पर सूचना दी आ गई: श्वेता ने बताया कि उसने फोन पर डायरेक्टर को सूचना दी कि वो लुधियाना आ गई और होटल में है। कल कहां मिलना है, बता दें। जिस पर डायरेक्टर ने कहा कि थोड़ी देर में बात करते हैं, आप रेस्ट कर लो।
  • आपकी ड्रेस देखनी है, होटल आ रहा हूं: श्वेता ने बताया कि डायरेक्टर ने करीब 11 बजे फोन किया कि आप शूट के लिए कोन सी ड्रेस लेकर आई हैं, वो चेक करनी हैं, तो मैं होटल आ रहा हूं। मैंने कहा कि सुबह देख लेना तो उन्होंने कहा नहीं ड्रेस बहुत इंपोर्टेंट होती है। इसलिए अभी चेक करनी पड़ेंगी।
  • सेक्स करने की डिमांड: श्वेता ने बताया कि जैसे ही डायरेक्टर होटल के रूम में आया तो उसने पहले ड्रेस दिखाने की बात की। 12 बजे तक वापस ही नहीं गया। तो मैंने उसे कहा कि सर अब चले जाओ। जिस पर उसने कहा कि श्वेता तुम्हें नहीं पता कि एक दिन पहले क्यों बुलाया जाता। मैंने कहा नहीं। जिस पर उसने कहा कि सच में नहीं पता। उसके बाद उसने कहा कि आपके साथ नाइट बितानी और सेक्स करना है। मैंने मना किया और कहा कि क्या आपके साथ डील हुई थी। उसके बाद मैंने उसे कहा कि बहुत रात हो गई। सुबह देख लेंगे।
  • रात नहीं बिताई तो गाना रिलीज नहीं होगा: श्वेता खन्ना ने बताया कि डायरेक्टर ने उसे सीधे कह दिया कि अगर उसके साथ रात नहीं बिताई, तो गाना रिलीज नहीं होगा। श्वेता ने बताया कि उन्होंने कहा कि कल शूट के बाद फ्री होकर होटल में आ जाएंगे फिर देख लेंगे। श्वेता का कहना है कि वो शूट को छोड़ना भी नहीं चाहती थी और उसके साथ रात बिताना भी नहीं चाहती थी। इसलिए उसने बात कल पर टाल दी।
  • हस्बैंड को विश्वास में लिया: श्वेता ने बताया कि वह अगले दिन शूटिंग पर गई और उसी दौरान फोन करके अपने हस्बैंड को इस बारे में हल्की सी बात की और उन्हें विश्वास में लिया। श्वेता ने बताया कि शाम को जैसे ही शूटिंग खत्म हुई, तो डायरेक्टर को कहा कि उसके हस्बैंड उसे लेने आ रहे हैं। उसे जाना पड़ेगा। इस बात पर वो झल्ला गया था और उसने फिर कहा कि ये सॉन्ग रिलीज नहीं होगा। जिस पर उसने कहा कि हस्बैंड को बुलाने की जरूरत नहीं है। वॉल्बो में चले जाओ। श्वेता खन्ना ने बताया कि उनका यह सॉन्ग रिलीज नहीं हुआ। बाद में उन्होंने खुद पैसे देकर सॉन्ग रिलीज किया। उन्होंने बताया कि सॉन्ग का नाम इसलिए नहीं बताउंगी, क्योंकि इस पर बड़ी कंट्रोवर्सी खड़ी हो जाएगी।
मॉडल श्वेता खन्ना ने कहा कि मैं गाने के लिए दो बार पंजाब आई, लेकिन दोनों बार ही कंप्रोमाइज करने के लिए बोला गया है।

मॉडल श्वेता खन्ना ने कहा कि मैं गाने के लिए दो बार पंजाब आई, लेकिन दोनों बार ही कंप्रोमाइज करने के लिए बोला गया है।

फगवाड़ा में शूट गाने को यूट्यूब से डिलीट करवाने की कहानी…

  • फगवाड़ा में सॉन्ग शूट करने बुलाया: श्वेता खन्ना ने बताया कि 2021 में उसे फिर पंजाबी सॉन्ग में काम करने के लिए बुलाया गया। फगवाड़ा में एक स्विमिंग पूल में शूट होना था। मुझे कहा गया कि शॉर्ट स्विमिंग सूट लेकर आना। मैं अपने हिसाब से थोड़ा बड़ा स्विमिंग शूट लेकर गई। शूट पानी के अंदर होना था।
  • धोखे से कर दिए बोल्ड सीन शूट: श्वेता ने बताया कि डायरेक्टर प्रड्यूसर ने धोखे से कैमरामैन से ऐसे एंगल से मेरे वीडियो शूट किए कि वो काफी बोल्ड थे। स्विमिंग शूट शरीर पर चिपक गया था और उसे क्लोजअप करके शूट कर दिया। जब वो नीचे झुगी तो उसके क्लोजअप शॉट बना दिए। ऐसे सीन न तो उसे दिखाए और न ही उससे बात की। श्वेता ने बताया कि उन्होंने उसी समय कह दिया था कि इसमें अगर कोई बोल्ड सीन हुए तो उन्हें हटा दो।
  • सिंगर करने लगा कंप्रो की डिमांड: श्वेता ने बताया कि उसी दौरान सिंगर उसे कहने लगा कि मेरे साथ कंप्रो करो। उसी दौरान मैं ने डायरेक्टर को कहा कि इसे चुप करवाओ। उसके बाद कैफे में एक सीन शूट होना था तो उस समय सिंगर मेरे ऊपर ही आकर बैठ गया और मेरे शरीर को टच करने लगा। जिस पर मैंने हंगामा कर दिया। श्वेता सिंह ने बताया कि डायरेक्टर की मां ने रिक्वेस्ट की और शूटिंग पूरी की।
  • डायरेक्टर ने बिना बताए सॉन्ग रिलीज कर दिया: श्वेता खन्ना ने बताया कि डायरेक्टर ने उसे बताए बिना सॉन्ग रिलीज कर दिया और उसमें उसके बोल्ड सीन दिखा दिए। जब उसे एक साथी का फोन आया कि सॉन्ग रिलीज हो गया और पांच दिन में ही 1 लाख व्यूज आ गए। उसने लिंक भेजा। श्वेता ने कहा कि जब उसने लिंक देखा तो पता चला कि गाने में बहुत बोल्ड सीन हैं।
  • गाना डिलीट करवाया: श्वेता ने बताया कि वहां भी डायरेक्टर और सिंगर कंप्रो की बात कर रहे थे। मैंने मना किया। उन्होंने बताया कि जब उसने सॉन्ग में सीन देखे तो तुरंत उसे हटाने को कहा। जब उसने नहीं हटाया तो उसे कानूनी कार्रवाई की धमकी दी। क्योंकि उसने मेरी सहमति के बिना ये सीन डाल दिए थे। मेरे साथ कोई कॉन्ट्रैक्ट नहीं था। इसके बाद उन्होंने सॉन्ग डिलीट किया।

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ये खबर पढ़ें:

पंजाबी मॉडल को सॉन्ग में टेबल बनाया: सिंगर उसके ऊपर खाना रखकर खा रहा; अक्षिता बोली- पूरी कहानी ही बदल दी गई

पंजाबी सिंगर वरिंदर बराड़ के एल्बम 9/11 के विवादित टेबल सीन को लेकर चल रहे विवाद में अब वीडियो में नजर आई मॉडल और एक्ट्रेस अक्षिता शर्मा सामने आई हैं। एक पॉडकास्ट इंटरव्यू में अक्षिता ने म्यूजिक वीडियो के मेकर्स और डायरेक्टर पर गंभीर आरोप लगाए हैं। (पढ़ें पूरी खबर)



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ग्वालियर में कांग्रेस का ‘रन फॉर वन टाइम फीस’ आज: सरकारी भर्ती परीक्षाओं में ‘ओटीएफ’ लागू करने ‘मैराथन’, फूलबाग से मेला ग्राउंड तक दौड़ेगा शहर – Gwalior News




मध्यप्रदेश में सरकारी भर्ती परीक्षाओं के लिए वन टाइम फीस (OTF) लागू करने की मांग को लेकर युवा कांग्रेस बुधवार 17 जून को ग्वालियर में “रन फॉर OTF” मैराथन आयोजित करेगी। सुबह 7 बजे मेला ग्राउंड से शुरू होने वाली यह मैराथन आकाशवाणी, रेलवे ओवरब्रिज और पड़ाव होते हुए फूलबाग मैदान पहुंचेगी, जहां इसका समापन होगा। युवा कांग्रेस का कहना है कि चुनाव के दौरान युवाओं से वन टाइम फीस लागू करने का वादा किया गया था, लेकिन सरकार बनने के बाद इसे लागू नहीं किया गया। युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव मितेंद्र दर्शन सिंह यादव ने कहा कि राजस्थान की तर्ज पर मध्यप्रदेश में भी OTF लागू होना चाहिए, ताकि छात्रों को हर भर्ती परीक्षा के लिए अलग-अलग फीस न भरनी पड़े। उन्होंने कहा कि एक छात्र सालभर में आवेदन शुल्क पर 10 से 15 हजार रुपए तक खर्च कर देता है। संगठन ने इसे युवाओं पर आर्थिक बोझ बताते हुए ग्वालियर से प्रदेशव्यापी आंदोलन शुरू करने का ऐलान किया है। इसके बाद सभी जिलों में पदयात्रा, मशाल जुलूस और जनजागरण अभियान चलाए जाएंगे। मैराथन में युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा, अशोक सिंह, उप नेता प्रतिपक्ष हेमंत कटारे, पूर्व मंत्री जयवर्धन सिंह, पीसी शर्मा, प्रियव्रत सिंह, सचिन यादव, लखन घनघोरिया सहित कई वरिष्ठ कांग्रेस नेता और विधायक शामिल होंगे। युवा कांग्रेस नेताओं का कहना है कि OTF योजना के तहत अभ्यर्थी एक बार पंजीयन शुल्क जमा करके कई भर्ती परीक्षाओं में आवेदन कर सकता है। संगठन ने चेतावनी दी है कि जब तक सरकार युवाओं को राहत नहीं देती, आंदोलन जारी रहेगा।



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मोदी ने होर्मुज में भारतीयों की मौत का मुद्दा उठाया: कहा- नाविकों की सुरक्षा हमारी जिम्मेदारी; G-7 समिट के आउटरीच सेशन में ट्रम्प भी मौजूद थे


नई दिल्ली/एवियन (फ्रांस)1 घंटे पहले

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G7 समिट के आउचरीच सेशन में मोदी-ट्रम्प की मुलाकात हुई। दोनों ने हाथ मिलाया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फ्रांस के एवियन में आयोजित G-7 समिट के पहले दिन होर्मुज स्ट्रेट में भारतीयों की मौत का मुद्दा उठाया। आउटरीच सेशन में मोदी ने कहा- कई भारतीय नागरिकों ने भी अपनी जान गंवाई है। वैश्विक समुद्री व्यापार के जरिए देशों को जोड़ने वाले नाविकों की सुरक्षा हमारी जिम्मेदारी है।

मोदी ने कहा कि हम पश्चिम एशिया में शांति की दिशा में हुई प्रगति का स्वागत करते हैं। इस संघर्ष की वजह से क्षेत्र के हमारे मित्र देशों में जान-माल का नुकसान हुआ है। होर्मुज स्ट्रेट से होने वाले समुद्री व्यापार में रुकावट का वैश्विक अर्थव्यवस्था पर भी बुरा असर पड़ा है।

सेशन में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प भी मौजूद थे और पीएम मोदी के पास ही बैठे थे। वहीं, आज शाम 6:30 बजे मोदी-ट्रम्प की द्विपक्षीय मीटिंग होगी। व्हाइट हाउस के मुताबिक, भारत-अमेरिका के बीच टैरिफ, निवेश और रणनीतिक साझेदारी से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हो सकती है।

एवियन में G7 समिट के आउटरीच सेशन में पीएम मोदी ने 'नई साझेदारियां बनाने और अंतरराष्ट्रीय एकजुटता को फिर से मजबूत करने' के मुद्दे पर वर्ल्ड लीडर को संबोधित किया।

एवियन में G7 समिट के आउटरीच सेशन में पीएम मोदी ने ‘नई साझेदारियां बनाने और अंतरराष्ट्रीय एकजुटता को फिर से मजबूत करने’ के मुद्दे पर वर्ल्ड लीडर को संबोधित किया।

मोदी हाई लेवल वर्किंग सेशन में शामिल हुए

पीएम मोदी जिस सेशन में शामिल हुए वह हाई लेवल वर्किंग सेशन था। इसकी थीम ‘नई साझेदारियां बनाना और अंतरराष्ट्रीय एकजुटता को फिर से कायम करना’ थी। इस सेशन में G7 देशों के नेता, सहयोगी देशों के नेता और वर्ल्ड बैंक और अफ्रीकन डेवलपमेंट बैंक के प्रमुख प्रतिनिधि शामिल हुए।

सेशन में मोदी की स्पीच के 5 पॉइंट्स

  • आज की दुनिया पहले से कहीं ज्यादा आपस में जुड़ी हुई और एक-दूसरे पर निर्भर है। लेकिन, पार्टनरशिप तभी सफल हो सकती है जब वह भरोसे पर टिकी हो।
  • आपसी भरोसा सबसे महत्वपूर्ण रणनीतिक संपत्ति है। दुख की बात है कि आज दुनिया में संसाधनों की नहीं, बल्कि भरोसे की कमी है। हमारी पार्टनरशिप का भविष्य इसी भरोसे को फिर से कायम करने पर निर्भर करता है।
  • भारत में हम दुनिया को परिवार मानते हैं। हमारा अनुभव बताता है कि विकास तभी असरदार होता है जब वह लोगों की आकांक्षाओं से जुड़ा हो। यही सिद्धांत हमारी अंतरराष्ट्रीय पार्टनरशिप का आधार भी है।
  • भारत का मानना ​​है कि पार्टनरशिप की असली परीक्षा यह नहीं है कि हम दूसरों के लिए क्या बनाते हैं, बल्कि यह है कि हम दूसरों को अपने लिए कुछ बनाने में कैसे सक्षम बनाते हैं।
  • ग्लोबल साउथ को दुनिया से बहुत उम्मीदें हैं। उसे केवल समर्थन नहीं, बल्कि पार्टनरशिप चाहिए। हमें लेन-देन वाली सोच से आगे बढ़कर समान पार्टनर के तौर पर काम करना चाहिए।

ट्रम्प कुर्सी से खड़े हुए, मोदी से हाथ मिलाया

राष्ट्रपति ट्रम्प ने कुर्सी से खड़े होकर पीएम मोदी से हाथ मिलाया।

राष्ट्रपति ट्रम्प ने कुर्सी से खड़े होकर पीएम मोदी से हाथ मिलाया।

दरअसल, पीएम मोदी फ्रांस के एवियन शहर में आयोजित G-7 समिट में शामिल हुए हैं। पीएम मंगलवार को यहां स्लोवाकिया से पहुंचे थे। पीएम की ट्रम्प से मुलाकात हुई थी। पीएम मोदी को देखकर ट्रम्प सीट से खड़े हुए और उनसे हाथ मिलाया। इसके बाद दोनों के बीच करीब 5 मिनट तक बात हुई।

पीएम मोदी की पिछले साल फरवरी में वॉशिंगटन के बाद ट्रम्प के साथ ये पहली मुलाकात रही। पिछले 16 महीनों के दौरान भारत-अमेरिका रिश्ते खासे उतार-चढ़ाव वाले रहे। इनमें ट्रम्प टैरिफ और एच-1 बी वीसा के मुद्दे खास रहे। हाल में ओमान की खाड़ी में अमेरिकी हमले में 3 भारतीय नाविकों के मारे जाने की घटना भी साने आई है।

G7 समिट में मोदी-ट्रम्प की मुलाकात की 2 तस्वीरें….

G7 समिट के दौरान पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रम्प मिले। यह G7 समिट का प्लेनरी सेशन था, जहां सभी आमंत्रित देशों के नेता पहुंचे थे।

G7 समिट के दौरान पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रम्प मिले। यह G7 समिट का प्लेनरी सेशन था, जहां सभी आमंत्रित देशों के नेता पहुंचे थे।

PM मोदी की सिटिंग मैक्रों और ट्रम्प के ठीक बाद थी। इस बीच दोनों के बीच एक इंटरप्रेटर के जरिए बातचीत हुई।

PM मोदी की सिटिंग मैक्रों और ट्रम्प के ठीक बाद थी। इस बीच दोनों के बीच एक इंटरप्रेटर के जरिए बातचीत हुई।

पीएम मोदी की दूसरे वर्ल्ड लीडर्स से मुलाकात की तस्वीरें…

प्रधानमंत्री मोदी और कनाडा के पीएम मार्क जे कार्नी की मुलाकात हुई।

प्रधानमंत्री मोदी और कनाडा के पीएम मार्क जे कार्नी की मुलाकात हुई।

प्रधानमंत्री मोदी और यूके के पीएम कीर स्टारमर की मुलाकात हुई।

प्रधानमंत्री मोदी और यूके के पीएम कीर स्टारमर की मुलाकात हुई।

प्रधानमंत्री मोदी की UAE प्रेसिडेंट राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से मुलाकात हुई।

प्रधानमंत्री मोदी की UAE प्रेसिडेंट राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से मुलाकात हुई।

एवियन में G7 समिट के दौरान मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सिसी से पीएम मोदी की मुलाकात हुई।

एवियन में G7 समिट के दौरान मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सिसी से पीएम मोदी की मुलाकात हुई।

पीएम मोदी की कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग से मुलाकात हुई।

पीएम मोदी की कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग से मुलाकात हुई।

जापान की प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची के साथ पीएम मोदी की मुलाकात हुई।

जापान की प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची के साथ पीएम मोदी की मुलाकात हुई।

पीएम मोदी और केन्या के राष्ट्रपति विलियम रूटो मिले। दोनों ने हाथ मिलाकर एक-दूसरे का अभिवादन किया।

पीएम मोदी और केन्या के राष्ट्रपति विलियम रूटो मिले। दोनों ने हाथ मिलाकर एक-दूसरे का अभिवादन किया।

मोदी- मेलोनी की मुलाकात

मोदी जब एवियन पहुंचे तो फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने उनका स्वागत किया। इसके बाद G-7 के देशों के राष्ट्राध्याक्षों ने ग्रुप फोटो भी खिंचवाई। इसी बीच मोदी और इटालियन पीएम जॉर्जिया मेलोनी की बातचीत भी हुई।

मेलोनी ने मोदी से कहा- दोबारा मिलकर अच्छा लगा, हम इंस्टाग्राम पर सबसे फेमस हैं। दरअसल, मोदी पिछले महीने 5 देशों के दौरे पर गए थे। जहां उन्होंने रोम में पीएम मेलोनी को मेलोडी टॉफी दी थी। जिसका वीडियो वायरल हुआ था।

पार्टनर देश के तौर पर शिखर सम्मेलन में भारत की 13वीं मौजूदगी है। यह 7वीं बार है जब प्रधानमंत्री इस ग्लोबल फोरम में हिस्सा ले रहे हैं।

G-7 समिट की दो तस्वीरें…

G7 समिट में पीएम मोदी ने US प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रम्प और दुनिया भर से आए नेताओं के साथ ग्रुप फोटो सेशन में हिस्सा लिया।

G7 समिट में पीएम मोदी ने US प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रम्प और दुनिया भर से आए नेताओं के साथ ग्रुप फोटो सेशन में हिस्सा लिया।

ग्रुप फोटो सेशन के बीच मोदी ने इटली की पीएम मेलोनी से मुलाकात की। दो महीने के अंदर यह दोनों की दूसरी मुलाकात है। इससे पहले दोनों 20 मई को रोम में मिले थे।

ग्रुप फोटो सेशन के बीच मोदी ने इटली की पीएम मेलोनी से मुलाकात की। दो महीने के अंदर यह दोनों की दूसरी मुलाकात है। इससे पहले दोनों 20 मई को रोम में मिले थे।

G7 समिट में 12 देशों के नेता हिस्सा ले रहे

G7 समिट में इसके सदस्य देशों कनाडा, फ्रांस, जर्मनी, इटली, जापान, ब्रिटेन और अमेरिका के नेता शामिल होंगे। इसके अलावा यूरोपीय संघ के प्रतिनिधि भी इसमें भाग ले रहे हैं। फ्रांस ने समिट में G7 देशों के अलावा कई अन्य देशों के नेताओं को भी सम्मेलन में आमंत्रित किया है।

इनमें भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सीसी, ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज, नासियो लूला दा सिल्वा, दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्यंग, केन्या के राष्ट्रपति विलियम रुटो भी शामिल हैं।

G7 क्या है, इसमें कौन-कौन से देश हैं?

G7 यानी ‘ग्रुप ऑफ सेवन’, दुनिया के उन 7 देशों का समूह है, जिन्हें दुनिया की ‘मॉडर्न इकोनॉमी’ वाला देश कहा जाता है। इनमें अमेरिका, फ्रांस, ब्रिटेन, जापान, इटली, कनाडा और जर्मनी शामिल हैं।

इसकी शुरुआत 1975 में G6 के रूप में हुई थी। 1976 में कनाडा के जुड़ने के बाद यह G7 बन गया। 1998 में रूस को शामिल कर इसका नाम G8 कर दिया गया, लेकिन 2014 में यूक्रेन के क्रीमिया क्षेत्र पर रूस के कब्जे के बाद उसे समूह से बाहर कर दिया गया। इसके बाद यह फिर से G7 कहलाने लगा।

भारत G7 में गेस्ट नेशन, पीएम 7वीं बार शामिल हुए

भारत G7 का सदस्य नहीं है, लेकिन दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्था और महत्वपूर्ण वैश्विक भूमिका के कारण उसे अक्सर विशेष आमंत्रित देश (गेस्ट नेशन) के रूप में बुलाया जाता है। आमतौर पर भारत के प्रधानमंत्री को समिट का न्यौता मिलता है।

पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने 2005 से 2013 के बीच पांच बार G7 (पहले G8) समिट में हिस्सा लिया था। PM मोदी को पहली बार 2019 में फ्रांस के बियारिट्ज में आयोजित G7 समिट में आमंत्रित किया गया था।

2020 में अमेरिका को मेजबानी करनी थी, लेकिन उसने तब समिट रद्द कर दी। इसके बाद 2021 में ब्रिटेन की मेजबानी में आयोजित सम्मेलन में PM मोदी वर्चुअली शामिल हुए।

इसके अलावा मोदी 2022 में जर्मनी, 2023 में जापान, 2024 में इटली और 2025 में कनाडा में आयोजित G7 समिट में शामिल हुए।

G7 समिट क्या है, इस बार इसके एजेंडे की खास बात क्या है

एक तय एजेंडे पर बातचीत के लिए हर साल G7 समिट होती है, जिसका आयोजन G7 का अध्यक्ष देश करता है। दरअसल, G7 के सभी 7 देश बारी-बारी से इसकी अध्यक्षता करते हैं।

इस साल फ्रांस अध्यक्षता कर रहा है। ऐसे में G7 समिट फ्रांस के एवियन शहर में हो रही है। इस समिट के एजेंडे में जियोपॉलिटिक्स क्राइसेस (यूक्रेन युद्ध, ईरान-इजराइल तनाव, गाजा, लेबनान और होर्मुज रूट की स्थिति, मध्य पूर्व की सुरक्षा चुनौतियां), वैश्विक आर्थिक सहयोग और असंतुलन और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के मुद्दे शामिल हैं।

इसके अलावा G7 के सदस्य देशों के लीडर्स और ऑफिसर्स साल में कई बैठकें करते हैं, जिनमें कई समझौते होते हैं और दुनिया की बड़ी घटनाओं पर आधिकारिक बयान जारी किए जाते हैं।

शुरुआत में G7 का एजेंडा आर्थिक चुनौतियों और क्लाइमेट चेंज जैसे मुद्दों का हल निकालना था। बाद में राजनीतिक और सुरक्षा से जुड़े मुद्दे भी इसमें शामिल हो गए। वैश्विक मुद्दों पर G7 के फैसलों का असर पूरी दुनिया पर पड़ता है।

उदाहरण के लिए G7 ने 2002 में मलेरिया और एड्स से लड़ने के लिए ग्लोबल फंड बनाया। 1998 में वित्तीय संकट के दौरान इंडोनेशिया और थाईलैंड जैसे देशों को आर्थिक मदद की। रूस-यूक्रेन जंग के दौरान रूस पर कड़े प्रतिबंध लगाने और यूक्रेन की मदद करने का फैसला किया।

G20 से कैसे अलग है G7

G7 का कोई स्थायी कार्यालय नहीं है और इसके सदस्य देश कोई अंतरराष्ट्रीय कानून पारित नहीं कर सकते। G20 में सबसे बड़ा मुद्दा वर्ल्ड इकोनॉमी होता है, जबकि G7 के लिए राजनीतिक मुद्दे भी अहम होते हैं। 1999 में बने G20 में G7 के देशों के अलावा BRICS के देश भी शामिल हैं।

इन देशों में भारत के अलावा अर्जेंटीना, ऑस्ट्रेलिया, ब्राजील, चीन, इंडोनेशिया, मेक्सिको, रूस, सऊदी अरब, दक्षिण अफ्रीका, दक्षिण कोरिया, तुर्किये और यूरोपीय संघ शामिल हैं। राजन कुमार के मुताबिक G20 में नई और बढ़ती हुई इकोनॉमी वाले देशों को भी शामिल किया गया है।

भले ही G7 और G20 का एजेंडा एक जैसा हो, लेकिन इस समय G20 ज्यादा प्रभावी गुट है। 2020 में अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प ने भी G7 को बहुत आउटडेटेड ग्रुप कहा था।

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भारत-फ्रांस के बीच FTA, डिफेंस और AI से जुड़े 13 बड़े समझौते हुए

फ्रांस के नीस शहर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ रविवार को द्विपक्षीय बैठक की। इसमें प्रधानमंत्री के साथ राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, विदेश मंत्री एस. जयशंकर, विदेश सचिव विक्रम मिस्री भी शामिल रहे। इस दौरान दोनों देशों के बीच 13 बड़े समझौते हुए। पढ़ें पूरी खबर…

पीएम मोदी ने स्लोवाकिया के प्रधानमंत्री को भारत आने का न्योता दिया; मोदी का ब्रेड-नमक से स्वागत हुआ

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और स्लोवाकियन पीएम रॉबर्ट फिको के बीच बातचीत के बाद द्विपक्षीय डिफेंस और ट्रेड डील हुई। ब्रातिस्लावा के महल में स्लोवाकिया के पीएम रॉबर्ट फिको से मुलाकात के बाद मोदी ने फिको को भारत आने का न्योता भी दिया। मोदी को पारंपरिक स्लोवाक रीति से ब्रेड और नमक भेंट किया गया। पढ़ें पूरी खबर…

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‘भरोसे की कमी सबसे बड़ा संकट’, पीएम मोदी ने बगल में बैठे ट्रंप को खूब सुनाया


PM Modi G7 Summit France: फ्रांस में जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वैश्विक नेताओं के सामने भरोसे, शांति और समुद्री सुरक्षा को लेकर बड़ा संदेश दिया. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मौजूदगी में पीएम मोदी ने कहा कि आज दुनिया संसाधनों की कमी से नहीं, बल्कि भरोसे की कमी से जूझ रही है. उन्होंने कहा कि भविष्य की अंतरराष्ट्रीय साझेदारियां इसी विश्वास की नींव पर टिकी होंगी. प्रधानमंत्री ने पश्चिम एशिया में शांति प्रयासों में हुई प्रगति का स्वागत किया. उन्होंने कहा कि क्षेत्र में जारी संघर्ष ने कई मित्र देशों में भारी जान-माल का नुकसान पहुंचाया है. इस संकट का असर केवल क्षेत्र तक सीमित नहीं रहा, बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था भी प्रभावित हुई है.

पीएम मोदी ने विशेष रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य से होने वाले समुद्री व्यापार में आई बाधाओं का उल्लेख किया. उन्होंने कहा कि इससे अंतरराष्ट्रीय व्यापार और वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा है. साथ ही कई भारतीय नागरिकों की भी इस संघर्ष में जान गई है. प्रधानमंत्री ने कहा कि वैश्विक समुद्री व्यापार से जुड़े नाविकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना सभी देशों की साझा जिम्मेदारी है. उन्होंने जोर देकर कहा कि अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्ग सुरक्षित और खुले रहने चाहिए ताकि नाविक बिना किसी डर और खतरे के अपना काम कर सकें.

बुधवार को पीएम मोदी और ट्रंप के बीच महत्वपूर्ण द्विपक्षीय बैठक होने जा रही है, जिस पर पूरी दुनिया की नजर है. इस बैठक में आर्थिक विकास, सप्लाई चेन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, निवेश साझेदारी और वैश्विक सुरक्षा जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा होने की उम्मीद है. यह ऑपरेशन सिंदूर के बाद मोदी और ट्रंप की पहली आमने-सामने की द्विपक्षीय वार्ता होगी.

तीन दिन तक चलने वाले जी7 सम्मेलन में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्त्ज, इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी, ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर, कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी और जापान की प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची समेत कई बड़े नेता शामिल हो रहे हैं. सम्मेलन में वैश्विक सुरक्षा, आर्थिक चुनौतियों, ऊर्जा, जलवायु परिवर्तन और अमेरिका-ईरान समझौते जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है.

G7 समिट LIVE: मोदी-UAE मुलाकात से बड़ा संदेश- ‘मेरे भाई’ कहकर किया स्वागत, रणनीतिक साझेदारी होगी और मजबूत

जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के राष्ट्रपति तथा अबू धाबी के शासक शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान के बीच महत्वपूर्ण मुलाकात हुई. बैठक के बाद पीएम मोदी ने इसे बेहद सकारात्मक बताया और शेख मोहम्मद बिन जायद को अपना “भाई” कहा. दोनों नेताओं ने भारत-UAE संबंधों की समीक्षा की और व्यापार, निवेश, ऊर्जा तथा अन्य प्रमुख क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा की. साथ ही व्यापक रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत बनाने के उपायों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया. प्रधानमंत्री मोदी ने UAE सरकार और राष्ट्रपति का वहां रह रहे भारतीय समुदाय के प्रति सहयोग और देखभाल के लिए विशेष आभार भी व्यक्त किया.

PM Modi G7 Summit LIVE: भारत-कनाडा रिश्तों में बड़ा ब्रेकथ्रू! मोदी-कार्नी बैठक में व्यापार से रक्षा तक बने नए रोडमैप

जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी की अहम बैठक हुई. दोनों नेताओं ने भारत-कनाडा संबंधों में आई सकारात्मक प्रगति पर संतोष जताया और रणनीतिक साझेदारी को नई गति देने पर सहमति बनाई. बैठक में व्यापार, ऊर्जा, खाद्य सुरक्षा और सप्लाई चेन को मजबूत करने पर चर्चा हुई. एलएनजी, एलपीजी और कोयला क्षेत्र में सहयोग की समीक्षा की गई. दोनों देशों ने व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौते (CEPA) को 2026 तक पूरा करने के लक्ष्य को दोहराया.

रक्षा, तकनीक, विज्ञान और प्रवासन क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर भी सहमति बनी. साथ ही सुरक्षा सहयोग मजबूत करने के लिए GSOIA पर बातचीत शुरू करने का फैसला लिया गया. प्रधानमंत्री मोदी ने कनाडा के IORA डायलॉग पार्टनर बनने के प्रयास का समर्थन किया और 2026 में कनाडा यात्रा के लिए संपर्क बनाए रखने पर सहमति जताई.

PM Modi G7 Summit LIVE: भारत-कनाडा रिश्तों में बड़ा मोड़! मोदी बोले- FTA जल्द पूरा करें, इसी साल कनाडा दौरे की तैयारी

फ्रांस के एवियां में जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी के बीच अहम द्विपक्षीय बैठक हुई. पीएम मोदी ने कहा कि उन्हें खुशी है कि एक साल बाद दोनों नेता फिर मुलाकात कर रहे हैं. उन्होंने बताया कि अब तक चार बार बातचीत हो चुकी है और दोनों देश द्विपक्षीय संबंधों तथा वैश्विक मुद्दों पर खुलकर चर्चा कर रहे हैं.

प्रधानमंत्री मोदी ने भारतीय समुदाय के प्रति कनाडा की संवेदनशीलता के लिए कार्नी का आभार जताया. उन्होंने कहा कि भारत मुक्त व्यापार समझौते (FTA) को लेकर बेहद उत्सुक है और उम्मीद है कि उनके संभावित कनाडा दौरे से पहले ही इस समझौते को अंतिम रूप दिया जा सकता है. पीएम मोदी ने प्रौद्योगिकी और ऊर्जा सुरक्षा के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर भी जोर देते हुए कहा कि कनाडा भारत का महत्वपूर्ण साझेदार बन सकता है.

G7 में मोदी का दुनिया को सीधा संदेश! भरोसे और बराबरी के बिना नहीं बनेगा नया वैश्विक भविष्य

फ्रांस में आयोजित जी7 शिखर सम्मेलन के आउटरीच सत्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आज की आपस में जुड़ी दुनिया में देशों के बीच भरोसा सबसे महत्वपूर्ण आधार है. पीएम मोदी ने जोर देकर कहा कि दुनिया को अब दाता-प्राप्तकर्ता मॉडल से आगे बढ़ना होगा और समानता, सम्मान तथा एकजुटता पर आधारित साझेदारी को अपनाना होगा.

प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत हमेशा “मानवता पहले” के सिद्धांत पर काम करता रहा है. उन्होंने इंटरनेशनल सोलर अलायंस, डिजास्टर रेजिलिएंट इंफ्रास्ट्रक्चर, ग्लोबल बायोफ्यूल अलायंस, मिशन लाइफ और “एक पेड़ मां के नाम” जैसी पहलों का उल्लेख करते हुए बताया कि भारत वैश्विक चुनौतियों के समाधान में सक्रिय भूमिका निभा रहा है.

पीएम मोदी ने कहा कि भारत की सोच “वसुधैव कुटुंबकम्” के सिद्धांत पर आधारित है, जिसका अर्थ है कि पूरा विश्व एक परिवार है. उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत केवल अपने विकास तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरी दुनिया के सतत और समावेशी विकास के लिए प्रतिबद्ध है.

उनका यह संबोधन ऐसे समय में आया है जब दुनिया आर्थिक अनिश्चितता, जलवायु संकट और भू-राजनीतिक तनाव जैसी चुनौतियों का सामना कर रही है. ऐसे में भारत ने सहयोग, विश्वास और साझा विकास का मजबूत संदेश देकर वैश्विक मंच पर अपनी भूमिका को फिर रेखांकित किया है.

PM Modi And Giorgia Meloni: ‘हम इंस्टाग्राम के सबसे बड़े स्टार हैं!’ मेलोनी ने मोदी से कही ऐसी बात, फिर चर्चा में आया ‘मेलोडी’ पल

जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच एक दिलचस्प पल देखने को मिला. मोदी से मुलाकात के दौरान मेलोनी ने मुस्कुराते हुए कहा, “आपसे फिर मिलकर अच्छा लगा. हम इंस्टाग्राम पर सबसे ज्यादा मशहूर हैं.” उनका यह बयान पिछले साल वायरल हुए ‘मेलोडी’ सेल्फी पोस्ट की ओर इशारा था, जिसे इंस्टाग्राम पर 1 करोड़ से ज्यादा लाइक्स मिले थे. मेलोनी और मोदी की यह हल्की-फुल्की बातचीत एक बार फिर सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गई है.

PM Modi G7 Summit LIVE: एक मंच पर पीएम मोदी और ट्रंप

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और G7 देशों के अन्य नेता फ्रांस के एवियन में G7 शिखर सम्मेलन में ग्रुप फोटो के लिए एक साथ खड़े हुए. 16 महीने बाद यह मौका आया है जब पीएम मोदी और अमेरिकी राष्‍ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक मंच पर हैं.

PM Modi G7 Summit LIVE: G7 में मोदी-ट्रंप आमने-सामने! 16 महीने बाद एक मंच पर दिखे दोनों नेता, कल होगी अहम मुलाकात

फ्रांस में जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान दुनिया के बड़े नेताओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया है. मेजबान राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों सभी नेताओं का आधिकारिक स्वागत कर रहे हैं. इसी दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का भी गर्मजोशी से स्वागत किया गया. मैक्रों ने पीएम मोदी को गले लगाकर उनका अभिनंदन किया.

सम्मेलन का सबसे बड़ा आकर्षण प्रधानमंत्री मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का एक मंच पर आना रहा. करीब 16 महीने बाद दोनों नेता किसी अंतरराष्ट्रीय मंच पर साथ नजर आए हैं. जानकारी के अनुसार, कल मोदी और ट्रंप के बीच द्विपक्षीय बातचीत भी होगी, जिस पर दुनियाभर की नजरें टिकी हैं.

G7 Summit 2026 LIVE: G7 में जेलेंस्की का बड़ा हमला! रूस को शांति के लिए मजबूर करने की मांग, ट्रंप ने भी बढ़ाया दबाव

फ्रांस में चल रहे जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने रूस पर दबाव बढ़ाने की जोरदार मांग की. उन्होंने जी7 नेताओं के समर्थन की सराहना करते हुए कहा कि रूस को शांति की दिशा में बढ़ने के लिए मजबूर करना जरूरी है. जेलेंस्की ने वायु रक्षा मिसाइलों की आपूर्ति बढ़ाने, सर्दियों के लिए सहायता पैकेज तैयार करने और रूस पर प्रतिबंधों को मजबूत करने पर जोर दिया. वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी रूस-यूक्रेन युद्ध को लेकर चिंता जताई. उन्होंने कहा कि दोनों देशों के हजारों सैनिक हर महीने मारे जा रहे हैं और यह स्थिति पागलपन जैसी है. ट्रंप ने रूस से समझौता करने की अपील करते हुए युद्ध जल्द खत्म करने की जरूरत बताई.

PM Modi G7 Summit LIVE: G7 समिट में आज पीएम मोदी का कार्यक्रम क्या है?

  • जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज तीन महत्वपूर्ण द्विपक्षीय बैठकों में हिस्सा लेंगे. उनकी मुलाकात कनाडा, यूनाइटेड किंगडम और संयुक्त अरब अमीरात के नेताओं के साथ होगी. इन बैठकों में व्यापार, निवेश, ऊर्जा सुरक्षा और रणनीतिक साझेदारी प्रमुख एजेंडा रहेंगे.
  • कनाडा के प्रधानमंत्री के साथ बातचीत में भारत-कनाडा व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौते को आगे बढ़ाने और दोनों देशों के संबंधों को सामान्य तथा मजबूत बनाने पर जोर रहेगा. सुरक्षा और कानून-व्यवस्था से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा होगी.
  • ब्रिटेन के प्रधानमंत्री के साथ हाल ही में हुए भारत-यूके व्यापार समझौते के क्रियान्वयन और रोडमैप 2030 के तहत सहयोग बढ़ाने पर विचार होगा. वहीं यूएई के साथ व्यापार, निवेश, ऊर्जा और पश्चिम एशिया की सुरक्षा स्थिति पर चर्चा होने की संभावना है.

G7 में पीएम मोदी LIVE: दुनिया के बड़े नेताओं से करेंगे सीधी बात, वैश्विक मुद्दों पर रखेंगे भारत का पक्ष

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी फ्रांस के एवियन पहुंच गए हैं, जहां वह जी7 शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे. उन्होंने सोशल मीडिया पर इसकी जानकारी देते हुए कहा कि वह दुनिया के प्रमुख नेताओं के साथ अहम वैश्विक मुद्दों पर विचार-विमर्श को लेकर उत्साहित हैं. पीएम मोदी ने कहा कि भारत टिकाऊ विकास और समृद्ध भविष्य के लिए सामूहिक वैश्विक प्रयासों को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है. जी7 सम्मेलन के दौरान जलवायु परिवर्तन, वैश्विक अर्थव्यवस्था, ऊर्जा सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय सहयोग जैसे मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है. इस मंच पर भारत अपनी प्राथमिकताओं और विकास मॉडल को दुनिया के सामने मजबूती से रखेगा.

(Pic: PM Narendra Modi/X)

Trump G7 Summit LIVE: ईरान पर ट्रंप का बड़ा दावा- समझौता पूरा, हमले रोके, अब दूसरे चरण की तैयारी

फ्रांस के एवियन में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका और ईरान के बीच समझौता पूरा हो चुका है और इसके सफल होने की उम्मीद है. ट्रंप ने कहा कि अब यह प्रक्रिया दूसरे चरण में जाएगी, जो उनके अनुसार पहले चरण की तुलना में आसान हो सकती है. ट्रंप ने खुलासा किया कि पिछले सप्ताह वह ईरान पर हमला नहीं करना चाहते थे, लेकिन परिस्थितियों के कारण ऐसा करना पड़ा. उन्होंने कहा कि अमेरिका ने दो बार कार्रवाई की और तीसरी बार की तैयारी भी थी, लेकिन आखिरकार उस कदम की जरूरत नहीं पड़ी. ट्रंप के मुताबिक, मौजूदा समझौता दोनों पक्षों के लिए निष्पक्ष और अच्छा है.

हालांकि उन्होंने साफ किया कि अमेरिका ईरान में कोई निवेश नहीं करेगा और न ही उस पर कोई वित्तीय जिम्मेदारी लेगा. ट्रंप ने कहा कि भविष्य में जरूरत पड़ने पर अमेरिका के पास हस्तक्षेप करने का अधिकार रहेगा, लेकिन फिलहाल किसी आर्थिक निवेश की योजना नहीं है.

G7 Summit LIVE: ईरान को ट्रंप की चेतावनी- परमाणु हथियार बनाया तो भुगतने होंगे ‘अंतिम परिणाम’

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फ्रांस के एवियन में मीडिया से बातचीत के दौरान ट्रंप ने साफ कहा कि उनकी सबसे बड़ी प्राथमिकता यह सुनिश्चित करना है कि ईरान कभी परमाणु हथियार हासिल न करे. उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि ईरान न तो परमाणु हथियार विकसित करेगा, न खरीदेगा और न ही किसी अन्य तरीके से उसे हासिल करेगा. ट्रंप ने कहा कि अगर ईरान ऐसा करने की कोशिश करता है तो उसे “अकल्पनीय और अंतिम परिणाम” भुगतने होंगे.

ट्रंप ने कहा कि उनके लिए सबसे अहम मुद्दा सिर्फ ईरान का परमाणु कार्यक्रम है. उन्होंने कहा कि इसी वजह से उन्होंने इस मुद्दे में हस्तक्षेप किया और समझौते पर हस्ताक्षर करने के लिए सहमति दी. हालांकि उन्होंने संभावित कार्रवाई या परिणामों का खुलासा नहीं किया, लेकिन संकेत दिया कि अमेरिका इस मामले में कोई ढील देने के मूड में नहीं है.

दिलचस्प बात यह रही कि ट्रंप ने ईरान में सत्ता परिवर्तन की मांग को पूरी तरह खारिज कर दिया. उन्होंने कहा कि वह कभी भी “रेजीम चेंज” के समर्थक नहीं रहे हैं. ट्रंप के मुताबिक, ईरान के प्रतिनिधियों के साथ बातचीत करने वाले लोग व्यवहारिक, मजबूत और समझदार हैं. उन्होंने कहा कि ईरानी नेतृत्व अपने देश की मदद करना चाहता है और वह उन्हें कट्टरपंथी नहीं मानते.

ट्रंप ने यह भी कहा कि वह भविष्य में ईरान के साथ अच्छे संबंधों की उम्मीद रखते हैं. हालांकि उन्होंने दोहराया कि किसी भी बेहतर रिश्ते की बुनियाद यही होगी कि ईरान परमाणु हथियारों से दूर रहे.

PM Modi Foreign Visit LIVE: स्लोवाकिया के सर्वोच्च सम्मान से नवाजे गए पीएम मोदी, एनडीए नेताओं ने कहा- 140 करोड़ भारतीयों का बढ़ा मान

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को स्लोवाकिया के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘ऑर्डर ऑफ द व्हाइट डबल क्रॉस (फर्स्ट क्लास)’ से सम्मानित किए जाने पर एनडीए नेताओं ने इसे पूरे देश के लिए गौरव का क्षण बताया है. केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने कहा कि यह सम्मान केवल प्रधानमंत्री का नहीं, बल्कि 140 करोड़ भारतीयों का सम्मान है. उन्होंने इसे भारत की बढ़ती वैश्विक प्रतिष्ठा और प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व की अंतरराष्ट्रीय स्वीकार्यता का प्रतीक बताया.

वहीं, जदयू सांसद संजय झा ने भी कहा कि पिछले 12 वर्षों में भारत की साख दुनिया में मजबूत हुई है और यह सम्मान उसी का प्रमाण है. नेताओं ने इसे देश की कूटनीतिक सफलता और वैश्विक प्रभाव का बड़ा संकेत माना.

केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने पटना में मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि जब किसी देश का सर्वोच्च सम्मान प्रधानमंत्री मोदी को मिलता है तो वह सम्मान पूरे भारत और 140 करोड़ नागरिकों का सम्मान बन जाता है. चिराग पासवान ने कहा कि यह उपलब्धि प्रधानमंत्री मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व, विश्व स्तर पर भारत की मजबूत होती पहचान और वैश्विक शांति व मानव कल्याण के प्रति उनकी प्रतिबद्धता का परिणाम है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को मिला यह 33वां अंतरराष्ट्रीय सम्मान बताता है कि आज दुनिया में भारत की आवाज पहले से अधिक प्रभावशाली और सम्मानित है.

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने देश के विकास को नई गति दी है. यही वजह है कि दुनिया के कई देश भारत की उपलब्धियों और नीतियों की सराहना कर रहे हैं. अमेरिका-ईरान समझौते पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि सभी देश चाहते थे कि तनाव जल्द समाप्त हो, क्योंकि इसका असर वैश्विक अर्थव्यवस्था और व्यापार पर पड़ रहा था.

जदयू सांसद संजय झा ने भी प्रधानमंत्री मोदी को मिले सम्मान का स्वागत किया. उन्होंने कहा कि पिछले 12 वर्षों में भारत की प्रतिष्ठा दुनिया भर में बढ़ी है. 30 से अधिक देशों द्वारा प्रधानमंत्री मोदी को सर्वोच्च नागरिक सम्मान दिए जाना इस बात का प्रमाण है कि भारत आज वैश्विक मंच पर मजबूत स्थिति में है. उन्होंने कहा कि यह सम्मान केवल प्रधानमंत्री का नहीं, बल्कि पूरे देश के सम्मान और गौरव से जुड़ा हुआ है.

PM Modi G7 Summit LIVE: G7 समिट के लिए फ्रांस रवाना हुए पीएम मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्विट्जरलैंड के जिनेवा दौरे के बाद अब फ्रांस के एवियन के लिए रवाना हो गए हैं. जिनेवा पहुंचने पर उनका स्वागत स्विस राष्ट्रपति गाय पार्मेलिन ने किया. इस दौरान दोनों देशों के संबंधों और आपसी सहयोग से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई. प्रधानमंत्री मोदी अब फ्रांस के एवियन में आयोजित होने जा रहे G7 Summit में हिस्सा लेंगे. इस शिखर सम्मेलन में दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं के नेता वैश्विक अर्थव्यवस्था, सुरक्षा, ऊर्जा और भू-राजनीतिक चुनौतियों पर मंथन करेंगे. भारत भले ही जी7 का सदस्य नहीं है, लेकिन एक महत्वपूर्ण साझेदार देश के रूप में प्रधानमंत्री मोदी की मौजूदगी पर दुनिया की नजर रहेगी.

ब्रातिस्लावा में बनारस का जुड़ाव! स्लोवाक कलाकारों की प्रदर्शनी के मुरीद हुए पीएम मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को ब्रातिस्लावा के प्रेसिडेंशियल पैलेस में वाराणसी पर आधारित एक प्रदर्शनी देखी. यह पेंटिंग प्रदर्शनी देखने के बाद प्रधानमंत्री ने भारत और स्लोवाकिया के बीच सांस्कृतिक जुड़ाव पर जोर देते हुए कहा कि कला और संस्कृति में लोगों तथा देशों को एक-दूसरे के करीब लाने की अद्भुत शक्ति होती है.

इस प्रदर्शनी में हाल ही में वाराणसी की यात्रा करने वाले स्लोवाक कलाकारों की कृतियां भी शामिल थीं. प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपना अनुभव साझा करते हुए लिखा, ‘ब्रातिस्लावा में बनारस का जुड़ाव! कल ब्रातिस्लावा के प्रेसिडेंशियल पैलेस में राष्ट्रपति पीटर पेलेग्रिनी और मैंने वाराणसी पर आधारित एक शानदार प्रदर्शनी देखी, जिसमें हाल ही में शहर की यात्रा करने वाले स्लोवाक कलाकारों के कार्य भी शामिल थे. कला और संस्कृति में सचमुच लोगों को करीब लाने की अनोखी क्षमता होती है. इस प्रदर्शनी में जिन लोगों के कार्य प्रदर्शित किए गए, उन सभी को मेरी शुभकामनाएं.’

PM Modi G7 Summit Live Updates: ‘युवाओं को योग अपनाते देखना बहुत अच्छा लगा’ स्लोवाकिया के स्कूली बच्चों को देख बोले पीएम मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि वह और स्लोवाकिया के राष्ट्रपति पीटर पेलेग्रिनी स्लोवाक के स्कूली बच्चों द्वारा प्रस्तुत विशेष योग प्रदर्शन को देखकर बेहद प्रसन्न हुए. उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस से पहले आयोजित इस प्रस्तुति ने दुनिया भर में योग के बढ़ते आकर्षण और उसकी व्यापक स्वीकार्यता को प्रभावशाली ढंग से प्रदर्शित किया.

पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ‘राष्ट्रपति पेलेग्रिनी और मैं स्लोवाकिया के स्कूली बच्चों का खास योग प्रदर्शन देखकर बहुत खुश हुए. जैसे-जैसे दुनिया अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के करीब आ रही है, युवाओं को योग अपनाते देखना बहुत अच्छा लग रहा है. यह देखकर भी खुशी हो रही है कि योग लोगों को सेहत की साझा कोशिश में साथ ला रहा है.’

PM Modi G7 Summit Live Updates: पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रंप की मुलाकात पर सबकी नजर

पीएम मोदी के इस फ्रांस दौरे के दौरान सबसे ज्यादा नजरें 17 जून को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ होने वाली मुलाकात पर टिकी हैं. पश्चिम एशिया में बदलते घटनाक्रम, अमेरिका-ईरान समझौता, होर्मुज संकट, वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा और व्यापारिक संबंधों पर दोनों नेताओं के बीच महत्वपूर्ण चर्चा होने की संभावना है.

PM Modi G7 Summit Live Updates: कनाडा, यूके, यूएई… पीएम मोदी की आज ताबड़तोड़ बैठकें

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसके बाद 8:50 बजे (भारतीय समय) कनाडा के प्रधानमंत्री के साथ बैठक करेंगे. फिर रात 9:25 बजे यूनाइटेड किंगडम और रात 10:05 बजे संयुक्त अरब अमीरात के नेताओं के साथ अलग-अलग बातचीत होगी. इन बैठकों में व्यापार, निवेश, तकनीक, ऊर्जा और रणनीतिक सहयोग से जुड़े मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है.

फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों की ओर से आयोजित विशेष गाला डिनर में भी प्रधानमंत्री मोदी शामिल होंगे. यह कार्यक्रम भारतीय समयानुसार 17 जून की मध्यरात्रि 12 बजे शुरू होगा, जहां दुनिया के कई शीर्ष नेता अनौपचारिक माहौल में बातचीत करेंगे.

PM Modi G7 Summit Live Updates: जी-7 समिट में भारत की धमक

प्रधानमंत्री मोदी जी-7 समिट में शामिल होने के लिए फ्रांस के एवियन शहर पहुंचने वाले हैं. भारतीय समयानुसार शाम 6:15 बजे फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों उनका आधिकारिक स्वागत करेंगे. खास बात यह है कि G7 देशों के बाद आमंत्रित साझेदार देशों में सबसे पहले भारत के प्रधानमंत्री का स्वागत किया जाएगा, जो वैश्विक मंच पर भारत की बढ़ती अहमियत को दर्शाता है.

इसके बाद शाम 6:45 बजे से रात 8:45 बजे तक वर्क मीटिंग होगी, जिसमें G7 देशों के नेता, साझेदार देश, विश्व बैंक और अफ्रीकी विकास बैंक के प्रतिनिधि शामिल होंगे. बैठक का मुख्य विषय नई वैश्विक साझेदारियां और अंतरराष्ट्रीय सहयोग को मजबूत करना रहेगा.





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प्रयागराज में तेज रफ्तार कार ने युवक को टक्कर मारी: टक्कर के बाद चालक फरार, घायल युवक अस्पताल में भर्ती – Prayagraj (Allahabad) News




प्रयागराज में एक तेज रफ्तार स्विफ्ट डिजायर कार ने सड़क पार कर रहे एक युवक को टक्कर मार दी। इस हादसे में युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। टक्कर मारने के बाद कार चालक मौके से फरार हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, सिविल लाइंस क्षेत्र से सुलेम सराय स्थित अपने घर लौट रहे पंकज नामक युवक को सप्लाई डिपो के पास कार ने टक्कर मारी। टक्कर इतनी भीषण थी कि पंकज सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गया। आसपास मौजूद लोगों ने चालक को रोकने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं रुका। स्थानीय लोगों ने बताया कि चालक ने पहले वाहन को आगे बढ़ाया और फिर सप्लाई डिपो की ओर से मोड़कर तेजी से फरार हो गया। लोगों ने उसे रोकने के लिए शोर मचाया और कुछ ने वाहन पर पत्थर भी फेंके, लेकिन चालक भागने में सफल रहा। प्रत्यक्षदर्शियों ने कार का नंबर UP70CK8586 बताया है। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने घायल पंकज को तुरंत स्वरूप रानी नेहरू (एसआरएन) अस्पताल पहुंचाया, जहां उसका उपचार जारी है। स्थानीय लोगों ने पुलिस से फरार चालक की जल्द पहचान और गिरफ्तारी की मांग की है। पुलिस ने वाहन नंबर के आधार पर चालक की तलाश शुरू कर दी है। हादसे के बाद क्षेत्र में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल देखा गया।



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कुल्हड़ में मिलती है मिर्जापुर की सबसे फेमस लस्सी, एक घूंट पीते ही मजे, जानिए


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कुल्हड़ में मिलती है मिर्जापुर की सबसे फेमस लस्सी, एक घूंट पीते ही मजे, जानिए

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गर्मियों में ठंडक और स्वाद का बेहतरीन संगम चाहिए तो मिर्जापुर की विजय लस्सी एक शानदार विकल्प है. शुद्ध दही, मावा और खास देसी अंदाज में तैयार होने वाली यह कुल्हड़ लस्सी वर्षों से स्थानीय लोगों के साथ-साथ दूर-दराज से आने वाले पर्यटकों की भी पसंद बनी हुई है.

मिर्जापुर: गर्मी का मौसम और तेज धूप में कुछ पीने का मन हो. इसी मौसम में शुद्ध दही से बनी लस्सी मिल जाए तो क्या ही कहना. लस्सी फेमस दुकान से हो सोने पर सुहागा. उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले में विजय की लस्सी खूब फेमस है. लस्सी का स्वाद बेहद ही लाजवाब रहता है.

लस्सी के स्वाद को बढ़ाने के लिए उसमें प्यार भरी मिठास वाला चीनी और खुशबू के लिए इतर मिलाया जाता है, जिसे एक बार पीने के बाद बार-बार पीने का मन करें. यहां पर लस्सी के दीवानों की भीड़ लगी रहती है. दूर-दूर से लोग विजय की लस्सी को पीने के लिए आते हैं. लस्सी में स्वाद का राज छिपा हुआ है. दाम भी बेहद कम.

मिर्जापुर के चिनियहवा का इनारा के पास विजय लस्सी की दुकान है. विजय लस्सी की दुकान काफी पुरानी है, यहां पर विजय शुद्ध दही से लस्सी को तैयार करते हैं. दही लेने के बाद शक्कर मावा और इत्र इत्यादि का प्रयोग करके लस्सी को बनाते हैं.

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खास बात यह है कि शुद्ध दही से बने होने के कारण इसका स्वाद कई गुना तक बढ़ जाता है. कुल्हड़ स्वाद को सोंधा कर देता है. प्यार वाली मिठास लस्सी में जाने के बाद खाने वाले ग्राहकों का दिन बाग-बाग हो जाता है. यही वजह है कि विजय की लस्सी मिर्जापुर में खूब फेमस है और यहां पर इसके स्वाद का आनंद लेने के लिए दूर-दूर से लोग आते हैं.

दुकान के मालिक विजय ने बताया कि लस्सी की दुकान काफी फेमस है. यहां पर काफी दूर-दूर से लोग स्वाद का आनंद लेने के लिए आते हैं. लस्सी को बनाने में किसी खास सामान का उपयोग नहीं होता है, जो भी सामान इसमें मिलाए जाते हैं. वह शुद्ध और देसी रहते हैं. यही वजह है कि इसका स्वाद कई गुना तक बढ़ जाता है. दही से बनी लस्सी के ऊपर जब मावे डाले जाते हैं, जिससे स्वाद बेहद ही खास हो जाता है.

लस्सी पीने के लिए आए शाहिद खान ने बताया कि यहां की लस्सी कई सालों से फेमस है. पहली बार हम दोस्तों के साथ दुकान पर पहुंचे थे. हालांकि, एक बार लस्सी पीने के बाद हम खुद अपने दोस्तों को लेकर यहां पर आते हैं. इनके यहां जो लस्सी मिलती है, उसके स्वाद का जवाब पूरे शहर में कहीं पर नहीं है. दम भी बेहद कम है. अगर आप भी लस्सी के दीवाने हैं तो एक बार विजय की लस्सी का स्वाद जरूर लीजिए.

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डेल के CEO ने रचा इतिहास, यूनिवर्सिटी को दान किए 75 करोड़ डॉलर से ज्यादा


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एक छोटे से छात्रावास के कमरे में शुरू हुआ सपना आज दुनिया की सबसे बड़ी टेक सफलता की कहानियों में गिना जाता है. Dell Technologies के सीईओ माइकल डेल ने अपनी पुरानी यूनिवर्सिटी को 75 करोड़ डॉलर का ऐतिहासिक दान देकर सभी को चौंका दिया है. इस रकम से अत्याधुनिक AI आधारित अस्पताल, मेडिकल रिसर्च और छात्रों के लिए नई सुविधाएं विकसित की जाएंगी. शिक्षा, तकनीक और स्वास्थ्य के क्षेत्र में यह योगदान आने वाले वर्षों में लाखों लोगों की जिंदगी बदल सकता है.

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75 करोड़ डॉलर का महादान! AI अस्पताल बनाने के लिए आगे आए Dell के संस्थापक. (Image:News18)

नई दिल्ली. दुनिया की दिग्गज टेक्नोलॉजी कंपनियों में शामिल Dell Technologies के संस्थापक और CEO माइकल डेल ने एक ऐसा कदम उठाया है जिसने शिक्षा और स्वास्थ्य जगत में नई चर्चा छेड़ दी है. उन्होंने अमेरिका की एक सार्वजनिक यूनिवर्सिटी को 75 करोड़ डॉलर का विशाल दान दिया है. इस राशि का उपयोग आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित अस्पताल और शोध परियोजनाओं के विकास में किया जाएगा. इसे अमेरिका के सार्वजनिक विश्वविद्यालयों के इतिहास के सबसे बड़े दानों में से एक माना जा रहा है.

यूनिवर्सिटी को मिला ऐतिहासिक दान
माइकल डेल ने टेक्सास विश्वविद्यालय ऑस्टिन (The University of Texas at Austin) को 75 करोड़ डॉलर का दान देने की घोषणा की है. यह योगदान अमेरिकी सार्वजनिक विश्वविद्यालयों को मिले सबसे बड़े निजी दानों में शामिल हो गया है. विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार इस फंड का उपयोग शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और चिकित्सा अनुसंधान को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए किया जाएगा. इस दान के बाद माइकल डेल और उनकी पत्नी सुसान डेल द्वारा विश्वविद्यालय को दी गई कुल सहायता 1 बिलियन डॉलर से भी अधिक हो गई है.

AI आधारित अस्पताल बनेगा नई पहचान
इस बड़ी राशि का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा एक अत्याधुनिक मेडिकल और रिसर्च कैंपस के निर्माण में खर्च किया जाएगा. विश्वविद्यालय का कहना है कि यहां देश का पहला ऐसा अस्पताल विकसित किया जाएगा, जिसकी संरचना और कार्यप्रणाली में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की प्रमुख भूमिका होगी. AI तकनीक की मदद से डॉक्टर बीमारियों की जल्दी पहचान कर सकेंगे और मरीजों के लिए अधिक व्यक्तिगत उपचार योजनाएं तैयार कर पाएंगे. विशेषज्ञों का मानना है कि यह परियोजना स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में बड़ा बदलाव ला सकती है.

छात्रों और शोध कार्यों को भी मिलेगा लाभ
दान की गई राशि केवल अस्पताल निर्माण तक सीमित नहीं रहेगी. इसका उपयोग छात्रवृत्तियों, मेडिकल रिसर्च प्रोग्राम और उन्नत कंप्यूटिंग इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करने में भी किया जाएगा. विश्वविद्यालय का उद्देश्य भविष्य के डॉक्टरों, वैज्ञानिकों और तकनीकी विशेषज्ञों को विश्वस्तरीय संसाधन उपलब्ध कराना है. इससे हजारों छात्रों को बेहतर शिक्षा और शोध के नए अवसर मिल सकेंगे. साथ ही चिकित्सा क्षेत्र में नई खोजों और नवाचारों को भी बढ़ावा मिलेगा.

यूनिवर्सिटी से जुड़ी है माइकल डेल की खास कहानी
माइकल डेल का इस विश्वविद्यालय से रिश्ता कई दशक पुराना है. उन्होंने 1983 में यहां प्री-मेडिकल छात्र के रूप में दाखिला लिया था. उनके माता-पिता चाहते थे कि वह डॉक्टर बनें, लेकिन किस्मत ने उनके लिए अलग रास्ता चुना. पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने अपने छात्रावास के कमरे से कंप्यूटर अपग्रेड किट बेचने का छोटा कारोबार शुरू किया. महज 1,000 डॉलर की शुरुआती पूंजी से शुरू हुआ यह सफर आगे चलकर दुनिया की बड़ी टेक कंपनियों में से एक Dell Technologies में बदल गया.

छात्रावास से अरबों डॉलर तक का सफर
कॉलेज के शुरुआती दिनों में शुरू किए गए कारोबार को आगे बढ़ाने के लिए माइकल डेल ने पढ़ाई बीच में ही छोड़ दी थी. 1984 में शुरू की गई उनकी कंपनी ने तेजी से सफलता हासिल की और उन्हें दुनिया के प्रमुख उद्योगपतियों में शामिल कर दिया. विश्वविद्यालय ने भी उनके योगदान और उपलब्धियों को सम्मान देने का फैसला किया है. हाल ही में घोषणा की गई कि जिस छात्रावास में माइकल डेल अपने पहले वर्ष में रहते थे, उसका नाम बदलकर ‘डेल हाउस’ रखा जाएगा.

शिक्षा और स्वास्थ्य के भविष्य में बड़ा निवेश
माइकल डेल का यह दान केवल आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य और तकनीक के भविष्य में एक बड़ा निवेश माना जा रहा है. AI आधारित अस्पताल, उन्नत शोध केंद्र और छात्रवृत्ति कार्यक्रम आने वाले वर्षों में लाखों लोगों को लाभ पहुंचा सकते हैं. विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के योगदान से विश्वविद्यालयों को नई तकनीकों पर काम करने और समाज के लिए बेहतर समाधान विकसित करने में मदद मिलती है. छात्रावास के एक कमरे से शुरू हुई माइकल डेल की सफलता की कहानी अब शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में नई प्रेरणा बनती दिखाई दे रही है.

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Rakesh Singh

Rakesh Singh is a chief sub editor with 14 years of experience in media and publication. International affairs, Politics and agriculture are area of Interest. Many articles written by Rakesh Singh published in …और पढ़ें



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अब लैपटॉप से भी होगी वॉट्सऐप कॉलिंग, नए अपडेट में मिलेगा खास फीचर


WhatsApp यूजर्स अब लैपटॉप से भी वॉइस और वीडियो कॉलिंग फीचर को एक्सपीरियंस कर सकेंगे। मेटा के इंस्टैंट मैसेजिंग ऐप के वेब वर्जन के लिए भी कॉलिंग फीचर को टेस्ट किया जा रहा है। हाल ही में इसकी एक झलक बीटा वर्जन में देखा गया है। इस फीचर के आने के बाद से यूजर्स अपने लैपटॉप या पीसी से भी वॉट्सऐप वॉइस और वीडियो कॉलिंग का लाभ ले सकेंगे। खास तौर पर ग्रुप कॉलिंग का एक्सपीरियंस पीसी में मिलेगा।

WABetaInfo की रिपोर्ट के मुताबिक, इस फीचर को लेटेस्ट बीटा वर्जन में देखा गया है। बता दें कि वॉट्सऐप पहले से ही पीसी के लिए वॉइस और वीडियो कॉलिंग का फीचर रोल आउट कर चुका है। हालांकि, इसके लिए पीसी में वॉट्सऐप को इंस्टॉल करने पड़ता है। हालांकि, अभी तक इसमें ग्रुप कॉलिंग वाला फीचर नहीं मिल रहा था। बीटा टेस्टिंग के बाद यूजर्स को यह ग्रुप कॉलिंग फीचर वेब वर्जन में मिलेगा।

ग्रुप कॉलिंग फीचर

वॉट्सऐप के ग्रुप कॉलिंग में एक साथ 32 लोगों को जोड़ा जा सकता है। ऐसे में यूजर्स ग्रुप कॉलिंग के जरिए 32 लोगों से कनेक्ट कर पाएंगे। इस फीचर को इस्तेमाल करने के लिए यूजर्स को अपने पीसी या कम्प्यूटर में ब्राउजर की मदद से वॉट्सऐप ओपन करना होगा। यहां ऑप्शन में वॉइस कॉल और वीडियो कॉल दिखाई देंगे। यूजर्स अपने हिसाब से वॉइस या वीडियो में कोई भी कॉलिंग ऑप्शन चुन सकेंगे।

दुनियाभर के लाखों वॉट्सऐप यूजर्स इस फीचर का इंतजार कर रहे थे। इस फीचर में यूजर्स अपने पीसी से ऑफिस की मीटिंग, ऑनलाइन क्लास आदि कर पाएंगे। वॉट्सऐप में मिलने वाली एंड-टू-एंड एनक्रिप्शन सुविधा अब ग्रुप वेब कॉलिंग पर भी मिलेगी। कंपनी इसे लेकर पहले ही दावा कर चुकी है। एनक्रिप्शन की वजह से वॉट्सऐप यूजर्स का डेटा सेफ रहता है। ग्रुप कॉलिंग वाले फीचर में यूजर्स को स्क्रीन शेयर करने का भी ऑप्शन मिलेगा।

होगा ये बड़ा बदलाव

WhatsApp की अन्य खबरों की बात करें तो ऐप में लंबे समय के बाद मैन्यू का डिजाइन बदल जाएगा। अपकमिंग फीचर्स पर नजर रखने वाली वेबसाइट WABetaInfo के मुताबिक, इस नए मैन्यू को एंड्रॉइड बीटा वर्जन 2.26.23.8 में देखा गया है। यह फीचर केवल बीटा टेस्टर्स के लिए ही है। रिपोर्ट के मुताबिक, iOS यूजर्स के लिए पहले से ही मैन्यू को रीडिजाइन किया जा चुका है। एंड्रॉइड यूजर्स के लिए वॉट्सऐप के ओवरफ्लो मैन्यू को टॉप से हटाकर नीचे देने का है, जिससे यूजर्स का एक्सपीरियंस और बेहतर हो जाएगा। एंड्रॉइड यूजर्स को भी iOS की तरह इंटरैक्शन मैन्यू नीचे ही मिलेगा।

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