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Boss Scam Alert : बाजार नियामक सेबी ने बॉस स्कैम को लेकर अलर्ट जारी किया है. सेबी ने कहा है कि ठगी करने वालों ने नया पैंतरा निकाला है बॉस स्कैम और इसकी घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही हैं. ठगी के इस नए पैंतरे में स्कैमर्स कर्मचारियों को बॉस बनकर कॉल करते हैं और उन पर पैसे भेजने का दबाव बनाते हैं.
सेबी ने सभी कर्मचारियों को बॉस स्कैम के प्रति आगाह किया है.
नई दिल्ली. सुरक्षा एजेंसियां, सरकार और आम आदमी जालसाजों और फर्जीवाड़ा करने वालों से बचने के जितने तरीके खोजते हैं, उससे एक कदम आगे ठग रहते हैं. अब ठगों ने आम आदमी की जेब से पैसे उगाहने का नया तरीका अपनाया है, बॉस स्कैम. बाजार नियामक सेबी ने भी इस बारे में चेतावनी दी है और कहा है कि इस तरह के स्कैम का सीधा निशाना कर्मचारी बन सकते हैं. आखिर यह बॉस स्कैम है क्या और कैसे काम करता है. इससे कैसे बचा जा सकता है, इसकी पूरी जानकारी होना जरूरी है.
बॉस स्कैम इतना गंभीर मसला है कि खुद भारतीय बाजार नियामक सेबी ने इस साइबर धोखाधड़ी के खिलाफ चेतावनी जारी की है. सेबी ने बताया है कि इस तरह की धोखाधड़ी में स्कैमर्स कंपनियों के सीईओ और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के रूप में कर्मचारियों को कॉल करते हैं और उनसे पैसे ट्रांसफर करने के लिए कहते हैं. सेबी ने इस चालबाजी को ‘बॉस स्कैम’ का नाम दिया है और कहा है कि इस बारे में चेतावनी भारतीय साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर से ऐसे अपराध बढ़ने की जानकारी मिलने के बाद जारी की गई है.
कैसे करते हैं बॉस स्कैम
सेबी ने बताया है कि धोखेबाज ईमेल, व्हाट्सऐप, माइक्रोसॉफ्ट टीम्स और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जिरये वित्त अधिकारियों और अन्य कर्मचारियों को निशाना बना रहे हैं. फर्जीवाड़ा करने के लिए ठक संबंधित कंपनी के सीईओ और अन्य वरिष्ठ अधिकारी के रूप में कॉल करते हैं और अपने खाते में पैसे ट्रांसफर करने के लिए कहते हैं. कर्मचारी पहले से ही बॉस का नाम सुनकर प्रभाव में आ जाता है और उससे पैसे ऐंठना आसान हो जाता है.
मैलवेयर फाइल भेजकर धोखाधड़ी
सेबी ने बताया है कि धोखाधड़ी करने का एक और तरीका काफी इस्तेमाल किया जा रहा है, जिसमें कर्मचारियों को मैलवेयर फाइलें भेजकर डाटा हैक किया जाता है. इस मैलवेयर के जरिये कर्मचारियों की डिटेल हैक हो जाती है और उसका डाटा स्कैमर्स के पास चला जाता है. इसके बाद संबंधित कर्मचारी का वॉट्सऐप खोलकर अन्य लोगों तक पहुंच बनाना आसान हो जाता है. ठग जिस कर्मचारी का वॉट्सऐप हैक करते हैं, उसके अकाउंट से अन्य लोगों को संपर्क करके पैसे मांगते हैं.
सेबी ने बताया बचने का तरीका
सेबी ने अपने निर्देश में साफ कहा है कि ऐसे ठगों से बचने का एक ही तरीका है कि सोशल मीडिया से आने वाले किसी भी संदेश पर तत्काल प्रतिक्रया नहीं करनी चाहिए. अगर ऐसे किसी माध्यम से कोई आपसे पैसे डालने के लिए कहता है तो निश्चत रूप से यह स्कैम हो सकता है. अगर कोई आपके किसी परिचित के नाम से कॉल करता है और पैसे मांगने की कोशिश करता है तो पहले अपने परिचित से संपर्क करके इस बारे में पुष्टि जरूर करें.
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प्रमोद कुमार तिवारी को शेयर बाजार, इन्वेस्टमेंट टिप्स, टैक्स और पर्सनल फाइनेंस कवर करना पसंद है. जटिल विषयों को बड़ी सहजता से समझाते हैं. अखबारों में पर्सनल फाइनेंस पर दर्जनों कॉलम भी लिख चुके हैं. पत्रकारि…और पढ़ें

