उत्तर प्रदेश में अब आंगनबाड़ी और प्राथमिक विद्यालयों के बीच का तालमेल और बेहतर होने जा रहा है। योगी सरकार ने इसके लिए प्रदेशभर में ‘को-लोकेशन और मैपिंग’ अभियान को मिशन मोड पर शुरू किया है। इसका सीधा फायदा बच्चों की शुरुआती पढ़ाई (स्कूल रेडीनेस), बेहतर पोषण और स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगा। केंद्र सरकार के शिक्षा मंत्रालय और महिला-बाल विकास मंत्रालय के गाइडलाइंस के तहत यूपी में यह बड़ा बदलाव किया जा रहा है। महानिदेशक (स्कूल शिक्षा) मोनिका रानी और बाल विकास सेवा व पुष्टाहार निदेशक हर्षिता माथुर ने इसके लिए संयुक्त निर्देश जारी किए हैं। हॉट कुक्ड मील पोर्टल पर अपलोड होगा डेटा इस पूरे अभियान को 30 जून तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। तय समय सीमा के भीतर सभी आंगनबाड़ी केंद्रों की मैपिंग, यू-डायस (U-DISE) कोड अपडेट करने और हॉट कुक्ड मील पोर्टल पर डेटा अपलोड करने की प्रक्रिया पूरी करनी होगी। इससे शिक्षा और बाल विकास दोनों विभागों के आंकड़ों में पारदर्शिता आएगी। कैसे तय होगी मैपिंग? समझिए इसके नियम: बीएसए और डीपीओ मिलकर करेंगे वेरिफिकेशन अभियान में किसी भी तरह की लापरवाही या गड़बड़ी को रोकने के लिए सख्त मॉनिटरिंग की व्यवस्था की गई है। हर जिले में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) और जिला कार्यक्रम अधिकारी (DPO) संयुक्त रूप से पूरी प्रक्रिया और डेटा का सत्यापन (वेरिफिकेशन) करेंगे, जिससे आंकड़ों में कोई हेराफेरी न होने पाए।
Source link
यूपी में आंगनबाड़ी और प्राइमरी स्कूल होंगे हाईटेक: योगी सरकार का ‘को-लोकेशन और मैपिंग’ अभियान तेज, हॉट कुक्ड मील पोर्टल पर अपलोड होगा डेटा – Uttar Pradesh News
RELATED ARTICLES

