पुलिस कमिश्नर सचिन मित्तल ने शनिवार को पुलिस कमिश्नरेट में कानून व्यवस्था, अपराध नियंत्रण और आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास मजबूत करने को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में शहर में शांति व्यवस्था बनाए रखने और अपराधियों में भय का वातावरण स्थापित करने पर विशेष जोर दिया गया। पुलिस कमिश्नर ने महिला अत्याचार, बाल अपराध और एससी-एसटी एक्ट से जुड़े मामलों में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि संवेदनशील मामलों में पीड़ितों को शीघ्र न्याय दिलाना पुलिस की प्राथमिकता होनी चाहिए। थानों में आवश्यक प्रशिक्षण को प्राथमिकता देने पर भी जोर बैठक में चोरी, नकबजनी और संपत्ति संबंधी अपराधों की रोकथाम के लिए विशेष अभियान चलाने और अपराधियों पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए गए। साथ ही नए आपराधिक कानूनों की प्रभावी पालना सुनिश्चित करने और थानों में आवश्यक प्रशिक्षण को प्राथमिकता देने पर भी जोर दिया गया। कमजोर प्रदर्शन वाले थाना क्षेत्रों की समीक्षा पुलिस कमिश्नर ने लंबित प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण, वांछित एवं हार्डकोर अपराधियों की धरपकड़ और विभागीय जांचों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। कमजोर प्रदर्शन वाले थाना क्षेत्रों की समीक्षा करते हुए कार्यप्रणाली में सुधार के लिए रणनीति बनाने को कहा गया। साइबर क्राइम और ऑनलाइन फ्रॉड मामलों में सख्ती बरतने के निर्देश बैठक में संगठित अपराध, गैंगस्टर गतिविधियों, साइबर क्राइम और ऑनलाइन फ्रॉड मामलों में सख्ती बरतने के निर्देश भी दिए गए। साइबर हेल्पलाइन 1930 पर प्राप्त शिकायतों का प्राथमिकता से निस्तारण कर पीड़ितों को शीघ्र राहत उपलब्ध कराने पर बल दिया गया। बीट पुलिस व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश इसके अलावा थाना स्तर पर महिला बीट और यूथ सीएलजी गठन कर महिलाओं और युवाओं की भागीदारी बढ़ाने और बीट पुलिस व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश भी पुलिस आयुक्त द्वारा दिए गए। बैठक में ये रहे मौजूद बैठक में स्पेशल पुलिस कमिश्नर ओम प्रकाश, एडिशनल पुलिस कमिश्नर सिटी अजय सिंह राठौड़, एडिशनल कमिश्नर ऑफ पुलिस लॉ एंड ऑडर राजीव पचार, अतिरिक्त पुलिस आयुक्त यातायात एवं प्रशासन योगेश दाधीच सहित सभी पुलिस डीसीपी मौजूद रहे।
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