दरभंगा के बिरौल थाना क्षेत्र में एक शव बरामद हुआ है। अरगा-उसरी पंचायत के गौरा गांव स्थित तीन बतिया पीपल पेड़ के पास जेसीबी से खोदे गए पानी भरे गड्ढे से एक व्यक्ति का शव मिला है। मृतक की पहचान गांव के ही शशि कुमार मिश्रा (42 ) के रूप में हुई है।
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शशि कुमार मिश्रा पिछले 3 अगस्त की शाम लगभग 6 बजे घर से निकले थे, जिसके बाद से वे लापता थे। परिजनों की ओर से खोजबीन की जा रही थी, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। मंगलवार की सुबह ग्रामीण जब शौच के लिए गड्ढे के पास पहुंचे, तो पानी में एक शव को देखा। इसके बाद उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी।
सूचना पर जगरनाथपुर पिकेट प्रभारी नीतीश कुमार दुबे दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे और शव को गड्ढे से निकलवाकर जांच शुरू की। मृतक की पत्नी रानी देवी और परिजनों ने शव की हालत को देखते हुए हत्या की आशंका जताई है।
मौके पर पहुंची पुलिस की फोटो।
परिजनों ने लगाया मर्डर का आरोप
शव मिलने के स्थान से कुछ दूरी पर मृतक की चप्पल और सब्जी (परवल) भी बरामद हुई है। परिजनों का आरोप है कि शशि पर किसी धारदार या रासायनिक वस्तु से हमला किया गया है, क्योंकि शरीर की त्वचा कई जगह से उधड़ी हुई थी।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए डीएमसीएच भेज दिया है। अधिकारी के अनुसार, रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का पता चल पाएगा।
मृतक अपने पीछे पत्नी,तीन पुत्रियां व एक बेटा को छोड़ गए हैं। वह गांव में रहकर मेहनत-मजदूरी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। घटना के बाद स्वजनों का रो-रोकर बुरा हाल है गांव में तनाव का माहौल व्याप्त है।
पुलिस ने कहा है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।

घटनास्थल पर पहुंचे ग्रामीणों की फोटो।
परिजनों ने की जांच की मांग
मृतक के चाचा राजू कुमार मिश्रा ने आरोप लगाया है कि शव की हालत बेहद भयावह थी। उन्होंने बताया कि जब शव को गड्ढे से बाहर निकाला गया, तो शरीर की त्वचा जगह-जगह से उधड़ी हुई थी, जिससे आशंका जताई जा रही है कि शशि पर एसिड डाला गया हो। परिजनों ने हत्या की आशंका जताते हुए पुलिस से निष्पक्ष जांच की मांग की है।
बताया जाता है कि शशि कुमार मिश्रा पूर्व में मुंबई में रहकर मजदूरी करते थे और वहीं से अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। हाल के दिनों में वे अपने गांव गौड़ा में रह रहे थे।

